हरियाणा सचिवालय में सीनियर सेक्रेटरी ने छठी मंजिल से कूदकर दी जान, प्रमोशन और नई पोस्टिंग से थे परेशान
Sandesh Wahak Digital Desk: हरियाणा की सत्ता के केंद्र, चंडीगढ़ स्थित हरियाणा सचिवालय में बुधवार दोपहर उस वक्त सन्नाटा पसर गया, जब एक वरिष्ठ अधिकारी ने इमारत की छठी मंजिल से छलांग लगा दी। मृतक की पहचान गणेश दास अरोड़ा के रूप में हुई है, जो आईएएस अधिकारी हितेश कुमार मीणा के स्पेशल सीनियर सेक्रेटरी के पद पर कार्यरत थे।
प्रत्यक्षदर्शियों और सचिवालय के कर्मचारियों के मुताबिक, दोपहर करीब 12:24 बजे गणेश दास अरोड़ा अपने दफ्तर में सामान्य रूप से काम कर रहे थे। अचानक वे अपनी कुर्सी से उठे और बिना किसी से कुछ कहे छत की ओर चले गए। कुछ ही पलों बाद उन्होंने नीचे छलांग लगा दी। ऊंचाई से गिरने के कारण उन्हें संभलने का मौका नहीं मिला और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। सुरक्षाकर्मियों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और शव को सेक्टर-16 के अस्पताल ले जाया गया।
इस घटना का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह है कि गणेश अरोड़ा ने ठीक 15 दिन पहले (9 फरवरी) भी आत्महत्या का प्रयास किया था। उस वक्त उनके साथ काम करने वाले सहयोगियों ने उन्हें देख लिया था और समय रहते उनकी जान बचा ली गई थी। उस घटना के बाद वे छुट्टी पर चले गए थे और मानसिक तनाव से उबरने की कोशिश कर रहे थे। विडंबना देखिए कि बुधवार को वे छुट्टी काटकर ड्यूटी पर लौटे ही थे कि उन्होंने अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली।
सचिवालय के गलियारों में चर्चा है कि गणेश अरोड़ा हाल ही में हुए अपने प्रमोशन और नई पोस्टिंग से खुश नहीं थे। इसी साल अक्टूबर में उनकी रिटायरमेंट होनी थी, लेकिन वे नई जिम्मेदारियों और कार्यस्थल के बदलाव को लेकर तनाव में थे। इससे पहले वे आईएएस आदित्य के साथ तैनात थे, लेकिन हाल ही में उन्हें आईएएस हितेश कुमार मीणा के साथ अटैच किया गया था। उनकी पत्नी, उमा अरोड़ा भी सरकारी सेवा में हैं और गवर्नर हाउस में कार्यरत हैं।
सचिवालय की सुरक्षा पर सवाल
हरियाणा सचिवालय की इस इमारत से सुसाइड की यह पहली घटना नहीं है। करीब डेढ़ साल पहले कृषि विभाग के एक कर्मचारी ने भी इसी जगह से कूदकर अपनी जान दी थी। बार-बार हो रही ऐसी घटनाओं ने सचिवालय की सुरक्षा व्यवस्था और अधिकारियों के मानसिक स्वास्थ्य (Mental Health) को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
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