दिल्ली में आज फिर CJP का हल्लाबोल, ट्रैफिक डायवर्जन की तैयारी, खुले रहेंगे मेट्रो और बाजार
CJP Protest: दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर रविवार, 11 अक्टूबर को एक बार फिर प्रदर्शन की तैयारी है। 10 अक्टूबर को हुई पुलिस कार्रवाई और बड़े पैमाने पर हिरासत के बाद CJP ने आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है। संगठन के मुताबिक, जब तक ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते, तब तक प्रदर्शन जारी रहेगा। CJP की ओर से आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अजिंक्य शिंदे ने बताया कि रविवार सुबह 10 बजे जंतर-मंतर कूच किया जाएगा। इसे देखते हुए दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।
30 प्रमुख जगहों पर ट्रैफिक प्रभावित होने की आशंका
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने रविवार के लिए एडवाइजरी जारी की है। कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए सुबह 6 बजे से जरूरत के मुताबिक यातायात प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं। सेंट्रल दिल्ली, नई दिल्ली और कनॉट प्लेस के आसपास करीब 30 प्रमुख चौराहों और सड़क मार्गों पर ट्रैफिक प्रभावित होने की आशंका है।
प्रमुख स्थानों में धौला कुआं फ्लाईओवर, मंडी हाउस, झंडेवालान, पंचकुइयां, मिंटो रोड-डीडीयू मार्ग, गुरु नानक चौक, चेम्सफोर्ड रोड और कनॉट प्लेस का आउटर सर्कल शामिल हैं। वाहन चालकों को यात्रा से पहले रास्तों की स्थिति जांचने और अतिरिक्त समय लेकर निकलने की सलाह दी गई है।
10 अक्टूबर को पुलिस ने जंतर-मंतर, मंडी हाउस, ITO और सुप्रीम कोर्ट मेट्रो स्टेशन के आसपास सुरक्षा बढ़ाई थी। गाजीपुर, टिकरी, चिल्ला और अप्सरा बॉर्डर सहित कई जगहों पर वाहनों की जांच की गई। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के आसपास ड्रोन से निगरानी हुई और मध्य दिल्ली में RAF के जवान तैनात किए गए। कनॉट प्लेस और जंतर-मंतर के आसपास से प्रदर्शनकारियों को हिरासत में भी लिया गया।
कई विपक्षी नेता हिरासत में, सभी को छोड़ने का दावा
CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को दिल्ली पहुंचने के बाद विमान में ही हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई। संगठन की लीगल टीम की प्रमुख रत्ना सिंह को भी हिरासत में लिए जाने की खबर आई। अरविंद केजरीवाल, संजय सिंह, सौरभ भारद्वाज, दुर्गेश पाठक, ममता बनर्जी, केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन, त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री माणिक सरकार और CPM सांसद जॉन ब्रिटास समेत कई नेताओं को भी हिरासत में लिया गया।
पुलिस के मुताबिक, शनिवार को करीब 3,000 लोगों को हिरासत में लेने के बाद छोड़ दिया गया। हालांकि, CJP के तीन संस्थापकों के संबंध में देर रात तक स्थिति स्पष्ट नहीं हुई थी।
मेट्रो स्टेशन और कनॉट प्लेस के बाजार खुलेंगे
दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (DMRC) के अनुसार, सभी मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार खोल दिए गए हैं। इंटरचेंज सुविधा भी बहाल कर दी गई है और ट्रेनों को रद्द करने की फिलहाल कोई योजना नहीं है।
नई दिल्ली ट्रेडर्स एसोसिएशन (NDTA) ने भी 11 अक्टूबर को कनॉट प्लेस के बाजार खुले रखने का ऐलान किया है। हालांकि, व्यापारियों को सतर्क रहने और दुकानों की सुरक्षा पर ध्यान देने की सलाह दी गई है।
सुप्रीम कोर्ट में विशेष सुनवाई, UN ने जताई चिंता
प्रदर्शन (CJP Protest) के दौरान पाबंदियों, मेट्रो और ट्रेनों की आवाजाही रोकने तथा लोगों को हिरासत में लेने के आरोपों से जुड़ी अवमानना याचिका पर सुप्रीम कोर्ट रविवार को विशेष सुनवाई करेगा।
उधर, संयुक्त राष्ट्र (UN) के मानवाधिकार कार्यालय ने शनिवार को बड़े पैमाने पर हिरासत में लिए जाने की घटनाओं पर चिंता जताई। कार्यालय ने भारतीय अधिकारियों से शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का सम्मान करने और मनमाने ढंग से हिरासत में लिए गए लोगों को तत्काल रिहा करने की अपील की है।
CJP के रविवार के प्रदर्शन के बाद सोमवार को INDIA गठबंधन के बड़े विरोध प्रदर्शन की भी तैयारी है। ममता बनर्जी के इसमें शामिल होने की बात सामने आई है। वहीं, सोनम वांगचुक ने कहा है कि CJP नेताओं को रविवार तक रिहा नहीं किया गया, तो वह भी विरोध में उतरने को मजबूर होंगे।
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