ब्रिटेन में आप्रवासी विरोधी प्रदर्शन बेकाबू, हिंसा में 26 पुलिसकर्मी घायल

Sandesh Wahak Digital Desk: ब्रिटेन में अवैध प्रवासियों को लेकर गुस्सा उबाल पर है। राजधानी लंदन में शनिवार को करीब एक लाख लोग सड़कों पर उतर आए और “यूनाइट द किंगडम” नामक विशाल विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन का नेतृत्व दक्षिणपंथी नेता टॉमी रॉबिन्सन ने किया, जिसे अब तक की सबसे बड़ी दक्षिणपंथी रैली बताया जा रहा है।

सरकार बदलने की मांग

प्रदर्शनकारियों ने अवैध प्रवासियों को देश से बाहर निकालने की मांग की। इसी बीच, टेस्ला मालिक एलन मस्क भी विडियो संदेश के जरिए जुड़े। मस्क ने चेतावनी दी कि “हिंसा तुम्हारे पास आ रही है, या तो लड़ो या मरो।” उन्होंने ब्रिटेन की संसद भंग करने और सरकार बदलने की मांग भी रखी।

हालात उस वक्त बेकाबू हो गए जब भीड़ ने पुलिस से भिड़ंत शुरू कर दी। झड़पों में 26 पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिनमें से चार की हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस ने 24 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया है।

नफरत किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं

प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर अपने बेटे के साथ फुटबॉल मैच देख रहे थे। हालांकि, बाद में उन्होंने बयान जारी कर हिंसा और नस्लवादी धमकियों की निंदा की। स्टार्मर ने कहा, “लोगों को शांतिपूर्ण प्रदर्शन का अधिकार है, लेकिन हिंसा और नफरत किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”

यह प्रदर्शन यूरोप में अवैध प्रवासियों के बढ़ते मुद्दे का संकेत है। ब्रिटेन की सड़कों पर यह अब तक का सबसे बड़ा आप्रवासी-विरोधी मार्च माना जा रहा है।

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