भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार है भारतीय सेना, सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने भरी हुंकार
Sandesh Wahak Digital Desk: वीरधरा राजस्थान की राजधानी जयपुर में गुरुवार को सेना दिवस के मौके पर भारतीय सेना का शौर्य और आधुनिकता का अद्भुत संगम देखने को मिला। इस अवसर पर थल सेना अध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने देश को भरोसा दिलाया कि भारतीय सेना अब केवल आज की चुनौतियों से नहीं निपट रही, बल्कि ‘भविष्य की जंगों’ के लिए पूरी तरह तैयार (Future-Ready Force) हो रही है।
परेड के बाद मीडिया से रूबरू होते हुए जनरल द्विवेदी ने कहा कि भारतीय सेना की सोच में पिछले कुछ वर्षों में क्रांतिकारी बदलाव आया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सेना अब अधिक फुर्तीली और तकनीक से लैस हो रही है। सेना प्रमुख ने भैरव बटालियन और शक्ति बाण रेजिमेंट जैसी नई यूनिट्स का जिक्र करते हुए बताया कि ये नई संरचनाएं सेना की तेज प्रतिक्रिया देने की क्षमता को दर्शाती हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य की जंग जीतने के लिए मेक इन इंडिया अब केवल एक नारा नहीं, बल्कि हमारी रणनीतिक जरूरत है। हमें ऐसे हथियार चाहिए जो भारत में ही डिजाइन और विकसित किए गए हों।
परंपरा और आधुनिकता, परेड की खास झलकियां
जयपुर में आयोजित इस परेड में परंपरा और बदलाव का सुंदर मिश्रण दिखाई दिया। परेड में नेपाल आर्मी बैंड की मौजूदगी ने दोनों देशों के बीच अटूट और मजबूत रिश्तों की गवाही दी। जयपुर को परेड के लिए चुनने के सवाल पर जनरल द्विवेदी ने कहा, राजस्थान वह पवित्र भूमि है जहां के वीरों ने इतिहास रचा है, इसलिए सेना दिवस के लिए इस जगह से बेहतर कुछ और नहीं हो सकता था।
सेना प्रमुख ने स्पष्ट संदेश दिया कि भारतीय सेना किसी भी तरह के हमले का मुकाबला करने के लिए हर समय मुस्तैद है। उन्होंने कहा कि सेना समय के साथ खुद को बदल रही है और आने वाले दिनों में भविष्य की जरूरतों के हिसाब से तैयारियों को और भी ज्यादा पुख्ता किया जाएगा। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि सेना ऐसे संसाधनों पर ध्यान दे रही है जो देश के समग्र विकास और नागरिक हितों में भी काम आ सकें।

