अतीक अहमद के बेटे अली अहमद की सुरक्षा में बड़ी चूक, सब इंस्पेक्टर निलंबित

Sandesh Wahak Digital Desk: माफिया अतीक अहमद के बेटे अली अहमद को नैनी सेंट्रल जेल से झांसी जेल शिफ्ट किए जाने के दौरान मीडिया से बातचीत करने देना सुरक्षा प्रोटोकॉल का गंभीर उल्लंघन माना गया है। इस घटना पर संज्ञान लेते हुए पुलिस विभाग ने सख्त कार्रवाई की है।

सब इंस्पेक्टर निलंबित, विभागीय जांच शुरू

एडिशनल पुलिस कमिश्नर डॉक्टर अजय पाल शर्मा ने कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि सुरक्षा में गंभीर चूक के आरोप में सब इंस्पेक्टर अशोक कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही, उनके खिलाफ विभागीय जाँच भी शुरू कर दी गई है।

डॉ. शर्मा के अनुसार, अली अहमद को शिफ्ट करते समय सुरक्षा टीम की जिम्मेदारी पुलिस लाइन में तैनात सब इंस्पेक्टर अशोक कुमार के पास थी। जाँच में पाया गया कि अली अहमद की मीडिया से बातचीत और उसकी वीडियो रिकॉर्डिंग की अनुमति देना सुरक्षा प्रोटोकॉल का स्पष्ट उल्लंघन था। इस मामले में सुरक्षा में तैनात अन्य पुलिसकर्मियों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं।

क्या थी पूरी घटना?

माफिया अतीक अहमद का दूसरा बेटा, अली अहमद, रंगदारी के मामले में जेल में बंद है। उसे 1 अक्टूबर को नैनी सेंट्रल जेल से झांसी जेल में स्थानांतरित किया गया था।

जेल से बाहर निकलते समय अली अहमद ने मीडियाकर्मियों से खुलकर बात की थी। उसने कहा था, “मेरा अल्लाह जानता है कि मैं यहाँ सुरक्षित रहूंगा या नहीं। मुख्यमंत्री जी से कहना है कि जो होना था, वह हो गया। अब हमें बचा लीजिए और बेवजह सताया न जाए।” इसके बाद झांसी जेल परिसर के अंदर का भी एक वीडियो सामने आया, जिसमें अली को मोबाइल कैमरे से रिकॉर्ड किया गया था। जेल मैनुअल के अनुसार, जेल परिसर में मोबाइल फोन ले जाना सख्त प्रतिबंधित है।

इन दोनों घटनाओं ने जेल और पुलिस सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। प्रशासन ने भविष्य में ऐसी सुरक्षा चूक को रोकने के लिए जिम्मेदार पुलिसकर्मियों पर अब सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। गौरतलब है कि अली अहमद ने 30 जुलाई 2022 को प्रयागराज की अदालत में सरेंडर किया था। उस पर ₹5 करोड़ की रंगदारी मांगने का मामला दर्ज है।

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