आजमगढ़: इंडसइंड बैंक कर्मी पर 23 लाख की ठगी का मामला दर्ज, SIP के नाम पर ग्राहकों को बनाया शिकार
आजमगढ़। जिले के इंडसइंड बैंक की सिविल लाइंस शाखा में कार्यरत रहे सेवा वितरण प्रबंधक (SDM) दीनदयाल उपाध्याय की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पहले 25.77 लाख रुपये के गबन के आरोपों का सामना कर रहे दीनदयाल उपाध्याय के खिलाफ अब दो और ग्राहकों से सिस्टेमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) के नाम पर 23 लाख रुपये की ठगी का मामला दर्ज किया गया है। आरोपित दीनदयाल उपाध्याय मुस्तफाबाद, थाना जहानागंज का निवासी है, और वह पहले से ही परिवार के साथ फरार है।
निवेश पर 15% रिटर्न का दिया था लालच
मऊ जनपद के घोसी थाना क्षेत्र के निवासी पीड़ित अमित यादव ने एसपी से मिलकर गुहार लगाई। अमित यादव, जिनकी आजमगढ़ शहर के बलरामपुर में पेंट की दुकान है, ने बताया कि जब वे इंडसइंड बैंक में खाता खुलवाने गए थे, तब उनकी मुलाकात बैंक कर्मी दीनदयाल उपाध्याय से हुई।
दीनदयाल ने बैंक की विश्वसनीयता का हवाला देते हुए, उन्हें एसआईपी खाता खोलने के बहाने झांसे में लिया और शेयर मार्केट में निवेश पर 15 प्रतिशत रिटर्न का लालच दिया।
अमित यादव और उनके दोस्त आशीष ने कैश और ऑनलाइन माध्यम से कुल 23 लाख रुपये दीनदयाल उपाध्याय के तीन अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर कर दिए।
पीड़ित को ठगी का पता तब चला जब दीनदयाल के खिलाफ धोखाधड़ी की खबरें अखबारों में प्रकाशित हुईं।
एसपी के आदेश पर कोतवाली थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच में जुट गई है। कोतवाल यादवेंद्र पांडेय ने बताया कि आरोपित के खाते को होल्ड कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पीड़ितों ने सभी पेमेंट हिस्ट्री और आरोपी के खाता विवरण पुलिस को सौंप दिए हैं।
पहले भी 25.77 लाख रुपये के गबन का है आरोप
इससे पूर्व 9 अक्टूबर को इंडसइंड बैंक के तीन खाताधारियों ने दीनदयाल उपाध्याय पर 25.77 लाख रुपये के गबन का आरोप लगाया था। इस मामले में बैंक के प्रभारी शाखा प्रबंधक उमाकांत यादव ने दीनदयाल के खिलाफ कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था।
शिकायतें: 15 सितंबर को जगदीश यादव ने चार लाख, बृजेश सैनी ने 12.77 लाख और 17 सितंबर को गुंजन गोयल के पति अश्विनी ने नौ लाख रुपये खाते से बिना अनुमति निकाले जाने की शिकायत दर्ज कराई थी।
बैंक की कार्रवाई: बैंक द्वारा की गई विभागीय जांच में शिकायत सही पाई गई, जिसके बाद दीनदयाल को निलंबित कर दिया गया था।
कोपागंज इंडसइंड बैंक के शाखा प्रबंधक उमाकांत यादव ने बताया कि दीनदयाल उपाध्याय 12 सितंबर से छुट्टी पर है और जांच के दौरान बैंक कर्मियों ने पाया कि वह परिवार के साथ घर से फरार है।
बैंक का पक्ष
शाखा प्रबंधक उमाकांत यादव ने बताया कि बैंक ने आंतरिक जांच शुरू कर दी है। उन्होंने यह भी कहा कि नए 23 लाख रुपये के धोखाधड़ी मामले की जानकारी बैंक को नहीं थी, लेकिन शिकायत मिलने पर इसकी भी जांच की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह सभी धोखाधड़ी बैंक के बाहर हुई हैं, और बैंक से सीधे रुपये की निकासी नहीं हुई है। मामले की जांच पूरी होने के बाद ही पूरी जानकारी मिल पाएगी।
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