बलरामपुर: मदरसा नियुक्ति घोटाले का मुख्य सूत्रधार गिरफ्तार, जाली दस्तावेजों से किया था बड़ा खेल
तुलसीपुर, बलरामपुर: जनपद के तुलसीपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत चर्चित मदरसा ‘जामिया अनवारुल उलूम’ में हुए फर्जी नियुक्ति कांड में पुलिस ने एक और महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। काफी समय से पुलिस की पकड़ से दूर चल रहे मदरसे के लिपिक (क्लर्क) अजीज अहमद को शुक्रवार सुबह गिरफ्तार कर लिया गया।
धोखाधड़ी का पूरा घटनाक्रम
यह मामला मदरसा प्रशासन द्वारा नियमों को ताक पर रखकर की गई नियुक्तियों से जुड़ा है। जांच में सामने आया कि मदरसे में मोहम्मद हसन रजा (पुत्र स्वर्गीय जैफुल्ला खान) की नियुक्ति पूरी तरह से अवैध और कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर की गई थी। अभियुक्तों ने न केवल सरकारी नियमों का उल्लंघन किया, बल्कि फर्जी शपथ पत्र और जाली स्टाम्प पेपर तैयार कर शासन और विभाग को गुमराह किया।
आरोप है कि प्रधानाचार्य मेराज अहमद और लिपिक अजीज अहमद ने आपसी साठगांठ कर मोहम्मद हसन रजा को नियम विरुद्ध तरीके से कनिष्ठ सहायक के पद पर नियुक्त करवा दिया था। जब इस मामले की शिकायत हुई और उच्च स्तरीय जांच बैठाई गई, तो सारा फर्जीवाड़ा खुलकर सामने आ गया।
पुलिस की रणनीति और गिरफ्तारी
थाना प्रभारी निरीक्षक राजकुमार सिंह के कुशल नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार वांछित अपराधियों की तलाश में दबिश दे रही थी। शुक्रवार को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी अजीज अहमद कहीं भागने की फिराक में ‘नथुनिया मोड़’ के पास खड़ा है। पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए तत्काल घेराबंदी की और सुबह करीब 8:15 बजे अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया।
अपराधिक इतिहास और कानूनी स्थिति
पुलिस द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त अजीज अहमद का पुराना अपराधिक रिकॉर्ड रहा है। इस फर्जी नियुक्ति मामले और जालसाजी को लेकर अभियुक्त के विरुद्ध पहले से ही दो अलग-अलग मुकदमे पंजीकृत हैं। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।
फरार आरोपियों की तलाश जारी
इस मामले में पुलिस अभी भी अन्य संदिग्धों और फरार चल रहे पदाधिकारियों की तलाश कर रही है। थाना प्रभारी ने स्पष्ट संदेश दिया है कि भ्रष्टाचार और जालसाजी के मामलों में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही अन्य आरोपियों को भी सलाखों के पीछे पहुंचाया जाएगा।
रिपोर्ट: योगेंद्र त्रिपाठी
Also Read: UP में नशे के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़: ANTF ने पकड़ा 1.31 करोड़ का गांजा, तीन तस्कर गिरफ्तार

