Kushinagar News: जर्जर सरकारी भवनों पर चलेगा बुलडोजर, डीएम ने मांगी रिपोर्ट
Sandesh Wahak Digital Desk: कुशीनगर जिले में सभी सरकारी विभागों के पुराने और जर्जर भवनों की अब खैर नहीं। जिला प्रशासन ने ऐसे भवनों की पहचान कर उन्हें ध्वस्त करने का फैसला किया है। जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने सभी विभागाध्यक्षों को इन भवनों की तकनीकी जांच कराने और जल्द से जल्द रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है। जो भवन मरम्मत लायक होंगे, उनकी मरम्मत कराई जाएगी, लेकिन जो बहुत पुराने और खराब हो चुके हैं, उन्हें गिरा दिया जाएगा। यह फैसला कलेक्ट्रेट सभागार में हुई एक बैठक में लिया गया।
सभी विभागों को निर्देश जारी
डीएम ने सभी विभागों से एक-एक करके जानकारी ली। ग्राम विकास विभाग ने 14 विकास खंडों में मौजूद 87 जर्जर भवनों की लिस्ट दी, जिनमें कर्मचारियों के आवास शामिल हैं। इसी तरह, जिला कार्यक्रम अधिकारी ने 135, पंचायती राज विभाग ने 120 (जिसमें से 43 गिराए जाने की प्रक्रिया में हैं), और पीडब्ल्यूडी, अल्पसंख्यक कल्याण, कृषि जैसे अन्य विभागों ने भी अपने-अपने जर्जर भवनों की जानकारी दी। डीएम ने सभी अधिकारियों को सख्त निर्देश दिया कि वे तकनीकी टीम से इन भवनों की जांच कराकर अगली बैठक में रिपोर्ट पेश करें, ताकि मरम्मत या ध्वस्तीकरण के लिए शासन से बजट मांगा जा सके।
कलेक्ट्रेट के सभी भवन होंगे एक रंग के
बैठक के दौरान डीएम ने दिवाली को देखते हुए सभी विभागों को साफ-सफाई और पेंटिंग कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि अभी कलेक्ट्रेट परिसर के भवनों का रंग अलग-अलग है, लेकिन अब से सभी भवनों को एक ही रंग में रंगा जाएगा। इस काम के लिए मुख्य विकास अधिकारी गुंजन द्विवेदी को रंग चुनने और तकनीकी टीम बनाने का जिम्मा सौंपा गया है। इसके अलावा, डीएम ने बिजली के कनेक्शन और भवनों के ऊपर से गुजर रहे हाई टेंशन तारों के मुद्दों पर भी रिपोर्ट मांगी, ताकि इन समस्याओं को भी दूर किया जा सके। इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी समेत जिले के कई बड़े अधिकारी मौजूद थे।
रिपोर्ट: राघवेंद्र मल्ल
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