‘फरियादियों को टालें नहीं, जिले में ही न्याय दें’, सीएम योगी का सभी जिलाधिकारी को कड़ा निर्देश

 Sandesh Wahak Digital Desk: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को लखनऊ में आयोजित ‘जनता दर्शन’ के दौरान प्रदेश भर से आए लोगों की समस्याएं सुनीं। मुख्यमंत्री ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को सख्त लहजे में हिदायत दी कि किसी भी गरीब या पीड़ित को स्थानीय स्तर पर परेशान न किया जाए।

जनता दर्शन में भावुक पल और तत्काल मदद

जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री का मानवीय चेहरा भी सामने आया। एक महिला अपने बच्चे के इलाज के लिए आर्थिक मदद मांगने पहुंची थी, जिसका उपचार केजीएमयू (KGMU) में चल रहा है। सीएम योगी ने तुरंत अधिकारियों को निर्देश दिए कि पैसों की कमी के कारण किसी का इलाज नहीं रुकना चाहिए। उन्होंने कहा, “25 करोड़ नागरिक मेरा परिवार हैं, सरकार सबके सुख-दुख में साथ खड़ी है।” कार्यक्रम में कुछ बच्चे भी पहुंचे थे। एक छोटी बच्ची ने जब सीएम को ‘सलाम’ किया, तो उन्होंने मुस्कुराकर उसका नाम पूछा और चॉकलेट देते हुए मन लगाकर पढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।

दोषियों पर हो सख्त कार्रवाई

मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारियों (DM) और पुलिस कप्तानों (SP) को निर्देशित किया कि राजस्व और पुलिस से जुड़े मामलों को गंभीरता से लें। विशेष रूप से अवैध अतिक्रमण के मामलों में जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोर कदम उठाएं। उन्होंने कहा कि पीड़ितों को न्याय दिलाना प्रशासन की पहली प्राथमिकता होनी चाहिए।

बजट 2026-27 पर सीएम योगी का बयान

केंद्रीय बजट को लेकर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीएम योगी ने इसे एक दूरदर्शी बजट बताया। उनकी बातों के मुख्य बिंदु रहे। पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत तेजी से दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी इकोनॉमी बनने की ओर बढ़ रहा है। पिछले 11 वर्षों में 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आए हैं। सीएम ने कहा कि यह बजट हमें मौलिक कर्तव्यों का बोध कराता है। उन्होंने ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना पर जोर देते हुए कहा कि हमें सिर्फ अधिकारों की नहीं, बल्कि समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी पर भी चर्चा करनी चाहिए। यह बजट युवा, महिला, गरीब और वंचित वर्ग को केंद्र में रखकर बनाया गया है, जो देश के समावेशी विकास को नई गति देगा।

 

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