आजमगढ़ में सीएम योगी ने लगाया 60 लाखवां पौधा, कहा- स्वस्थ पर्यावरण हम सबकी ज़िम्मेदारी
मुख्यमंत्री ने एक पेड़ मां के नाम 2.0 के तहत आजमगढ़ के सठियांव ब्लॉक के केरमा गांव में एक्सप्रेसवे के किनारे हरिशंकरी वाटिका की स्थापना की
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आजमगढ़ दौरे के दौरान समाज और राष्ट्र विरोधी तत्वों पर जमकर बरसे। उन्होंने दो टूक कहा कि ऐसे तत्वों को अब बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है।
बलरामपुर की एक हालिया घटना का ज़िक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, हमने वहां एक ऐसे दरिंदे को पकड़ा है जो हिंदू बहन-बेटियों की इज्जत के साथ खिलवाड़ कर रहा था और पैसों में सौदेबाजी करता था। ऐसे लोग अब कानून की गिरफ्त में हैं। उन्होंने साफ कहा कि समाज को तोड़ने की कोशिश करने वालों को पूरी तरह चकनाचूर कर दिया जाएगा।
‘एक पेड़ मां के नाम’ — धरती मां के लिए समर्पण
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आजमगढ़ के सठियांव ब्लॉक के केरमा गांव में “हरिशंकरी वाटिका” की स्थापना कर 60 लाखवां पौधा रोपित किया। उन्होंने इसे धरती मां के प्रति कृतज्ञता का प्रतीक बताया। इस मौके पर उन्होंने बताया कि इस साल प्रदेशभर में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत अब तक 22 करोड़ पौधे लगाए जा चुके हैं।
उन्होंने कहा, “धरती सिर्फ जमीन का टुकड़ा नहीं है, यह हमारी मां है। जब धरती स्वस्थ होगी, तभी मानव जीवन भी सुरक्षित रहेगा।” योगी ने आगे कहा कि भारत ही एकमात्र ऐसा देश है जहाँ प्रकृति और धरती के प्रति आत्मीय भाव देखा जाता है।
विकास और वन संरक्षण साथ-साथ
सीएम ने कहा कि जलवायु परिवर्तन और बेमौसम बारिश जैसी समस्याओं के समाधान के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में 8 साल पहले यह व्यापक वृक्षारोपण अभियान शुरू किया गया था। अब तक 204 करोड़ पौधे लगाए जा चुके हैं और इसका असर अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं भी मान रही हैं। योगी ने बताया कि 2017 से पहले यूपी का वन क्षेत्र केवल 9% था, जो अब 10% से अधिक हो चुका है। उन्होंने यह भी कहा कि पहले माफिया तत्व वन, खनन और सरकारी जमीनों पर कब्जा करते थे, लेकिन अब हालात बदल चुके हैं।
5 करोड़ से 52 करोड़ पौधों की नर्सरी — विकास की रफ्तार का प्रतीक
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि 2017 में जब उन्होंने पहली बार वन विभाग से नर्सरी की जानकारी ली, तो केवल 5 करोड़ पौधों की क्षमता थी। आज यह बढ़कर 52 करोड़ हो चुकी है यह सिर्फ हरियाली की नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के समग्र विकास की भी कहानी है।
सहजन के पौध से कुपोषण पर वार
सीएम योगी ने सहजन (मोरिंगा) के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह पौधा प्रोटीन और विटामिन से भरपूर है। “हमने निर्णय लिया है कि प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों के घरों में सहजन के पौधे लगाए जाएंगे, जिससे स्वास्थ्य और पोषण दोनों को बढ़ावा मिलेगा।” उन्होंने कहा कि गायों को सहजन खिलाने से दूध की मात्रा भी बढ़ती है।
‘डबल इंजन सरकार’ बांटती नहीं, जोड़ती है
बिना किसी पार्टी का नाम लिए सीएम ने विपक्ष पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा, “कुछ लोग जाति, भाषा और क्षेत्र के नाम पर समाज को तोड़ते हैं। लेकिन हमारी सरकार सबको साथ लेकर चलती है।” उन्होंने आजमगढ़ के विकास कार्यों को गिनाते हुए कहा कि जब से दिनेश लाल यादव ‘निरहुआ’ यहां से सांसद बने हैं, जिले को यूनिवर्सिटी, संगीत महाविद्यालय और एक्सप्रेसवे जैसे बड़े प्रोजेक्ट मिले हैं।
पीएम मोदी के ‘ग्रीन मिशन’ की सराहना
सीएम योगी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की योजनाओं को याद करते हुए कहा कि “11 साल पहले मोदी जी ने धरती मां के स्वास्थ्य के लिए शौचालय, जल योजना, उज्ज्वला योजना जैसे अभियान शुरू किए थे।” इससे कार्बन उत्सर्जन में कमी आई और भविष्य की पीढ़ियों के लिए स्वच्छ पर्यावरण सुनिश्चित हुआ।
‘एक पेड़ मां के नाम जरूर लगाएं’
मुख्यमंत्री ने आम जनता से अपील की कि वे वन विभाग से पौधा लेकर ‘एक पेड़ मां के नाम’ लगाएं और उसकी सेल्फी पोर्टल पर अपलोड करें, जिससे उन्हें सम्मानित भी किया जाएगा। उन्होंने कार्बन क्रेडिट को लेकर भी जागरूकता फैलाने की बात कही।
आजमगढ़ प्रशासन और जनता की तारीफ
सीएम योगी ने तमसा नदी के पुनरोद्धार के लिए प्रशासन और आमजन की सराहना की और कहा कि “यह सिर्फ नदी नहीं, हमारी सांस्कृतिक विरासत है। इसका पुनर्जीवन इतिहास, परंपरा और पर्यावरण—तीनों के संरक्षण की दिशा में कदम है।” उन्होंने कहा कि आजमगढ़ का 60 लाख पौधों का योगदान न सिर्फ वर्तमान को, बल्कि भविष्य को भी हराभरा बनाने की दिशा में मिसाल है।
सम्मान और प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर जीरो पॉवर्टी योजना के लाभार्थी अमरजीत, रिंकू देवी, सोनमती देवी, बुद्धिराम और अनीता देवी को सहजन का पौधा देकर सम्मानित किया। साथ ही कक्षा 7 और 8 के छात्रों दीपक चौहान, अमृता यादव, श्वेता मौर्या, शकीना और मोहिनी राजभर को पौधे और चॉकलेट भेंट की। इस कार्यक्रम में श्रम व सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर, वन राज्यमंत्री केपी मलिक, विधान परिषद सदस्य विजय बहादुर पाठक, सांसद निरहुआ (दिनेश लाल यादव), पूर्व सांसद नीलम सोनकर, तथा वरिष्ठ अफसर और भाजपा पदाधिकारी भी मौजूद रहे।
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