फ्लाईदुबाई में नौकरी से पहले ही रच ली थी हमले की साजिश, पूछताछ में को-पायलट ने खोले राज
Flydubai FZ1073 Attack: फ्लाईदुबाई की उड़ान FZ1073 के कॉकपिट में भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर जानलेवा हमला करने वाले ओमानी को-पायलट हम्माम अल-हम्मामी को लेकर सनसनीखेज जानकारी सामने आई है। यूएई में पूछताछ के दौरान आरोपी ने कथित तौर पर बताया कि वह पहले कैप्टन को रास्ते से हटाना चाहता था। इसके बाद विमान को सामान्य तरीके से उड़ाते हुए इजरायल के बेन गुरियन इंटरनेशनल एयरपोर्ट की किसी इमारत या विमान से टकराने की योजना थी।
इजरायली मीडिया रिपोर्ट्स और इटली के अखबार Corriere della Sera की जांच के मुताबिक, अगर साजिश सफल हो जाती तो इजरायल में 9/11 जैसी बड़ी तबाही हो सकती थी। यूएई और सऊदी अरब की जांच एजेंसियों ने मामले की जानकारी इजरायल के साथ भी साझा की है।
जून से हमले की तैयारी, जुलाई में टली साजिश
चैनल 13 के साथ पूछताछ के ब्योरे में हम्माम ने कथित तौर पर बताया कि उसने उन एयरलाइनों के बारे में जानकारी जुटाई जो सीधे तेल अवीव जाती हैं। उसने कहा, “मैंने रिसर्च किया कि कौन सी एयरलाइन सीधे तेल अवीव उड़ान भरती है। इसीलिए मैंने फ्लाईदुबाई को चुना।”
उसके मुताबिक, एयरलाइन में नौकरी मिलने से पहले ही उसने हमले की योजना बना ली थी। वह पिछले कुछ महीनों में कई बार फ्लाईदुबाई की उड़ानों से बेन गुरियन एयरपोर्ट पहुंचा था। जून में इजरायल आने के दौरान उसका मुख्य उद्देश्य जानकारी जुटाना और हमले की योजना तैयार करना था।
आरोपी जुलाई में ही हमला करने वाला था, लेकिन उस समय क्रू में उसका एक करीबी दोस्त मौजूद था। इसी वजह से उसने आखिरी समय पर अपना इरादा बदल दिया।
नमाज के बहाने ब्रेक मांगा, कुल्हाड़ी से किया हमला
Corriere della Sera की टाइमलाइन के मुताबिक, घटना वाले दिन हम्माम ने नमाज पढ़ने के लिए ब्रेक मांगा। इसके बाद उसने क्रैश-एक्स यानी कुल्हाड़ी से भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार के सिर पर हमला कर दिया।
यात्री ताली मानेस अपनी पांच साल की बेटी को टॉयलेट ले गई थीं। इसी दौरान उन्हें कॉकपिट से चीखने की आवाज सुनाई दी। उन्होंने बिजनेस क्लास में बैठे एक ऑफ-ड्यूटी पायलट को इसकी जानकारी दी। कैप्टन स्मित ने अंदर से और ऑफ-ड्यूटी पायलट ने बाहर से दरवाजा खोलने की कोशिश की। ताली ने चिल्लाकर कहा, “वह पायलट को मार रहा है!”
साजिश नाकाम होती देख हम्माम ने विमान को रेगिस्तान में गिराने के लिए तेजी से करीब 17,000 फीट तक नीचे लाना शुरू कर दिया। उसने कंट्रोल पैनल तोड़ने की भी कोशिश की। इसके बाद इजरायली यात्रियों ने कॉकपिट में पहुंचकर उसे काबू कर लिया।
नए पायलटों ने इमरजेंसी ट्रांसपोंडर कोड बदलकर 7500 कर दिया। यह कोड विमान में हाईजैकिंग या कॉकपिट में अनधिकृत प्रवेश की स्थिति में इस्तेमाल किया जाता है। बाद में सऊदी एयर ट्रैफिक कंट्रोल के निर्देश पर विमान को तबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित उतारा गया।
यूएई में मौत की सजा का खतरा
इजरायली न्यूज पोर्टल Ynet ने यूएई के एक वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से बताया है कि अबू धाबी प्रशासन मामले को बेहद गंभीर मान रहा है। हम्माम के खिलाफ यूएई के आतंकवाद विरोधी कानूनों के तहत कार्रवाई की जा रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, उसे मौत की सजा दिए जाने की संभावना है।
इस बीच मोसाद और शिन बेट के अधिकारी भी यूएई में मौजूद हैं। जांच इस दिशा में भी चल रही है कि क्या हम्माम के सीरिया या ऑस्ट्रेलिया में रहने के दौरान किसी अंतरराष्ट्रीय कट्टरपंथी संगठन से संबंध थे।
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