Gonda News: जमीन पर कब्जे की शिकायत करने गए युवक को मनकापुर पुलिस ने किया बंद!
Sandesh Wahak Digital Desk: एक ही गाटा की जमीन के सहखातेदारों द्वारा दूसरे पक्ष के हिस्से की जमीन पर जबरन अवैध रूप से कब्जा करके नींव डलवाकर प्लाटिंग किया जाने लगा। इस पर उसने विरोध किया तो भद्दी-भद्दी गालियां देते हुए जान से मारने की धमकी दी। इस पर वह मनकापुर कोतवाली पहुंचा, लेकिन पुलिस ने राजस्व विभाग का मामला बताकर टरका दिया। पीड़ित का आरोप है कि पुलिस आरोपियों से मिली हुई है। इसीलिए उसे थाने से टरका दिया गया लेकिन जब आरोपी पहुंचे तो उसे बुलाकर करीब पांच घंटे तक हवालात में बंद रखा गया और फिर शाम को चालान कर दिया गया।

मनकापुर कोतवाली क्षेत्र के भिटौरा गांव का मामला
मामला गोंडा जिले के मनकापुर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम भिटौरा का है। यहां के रहने वाले महमूद अली व महबूब अली ने 12 मई को मुख्यमंत्री के साथ ही पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल को प्रार्थना पत्र भेजा है, जिसमें कहा है कि उनकी बपंश की जमीन गाटा संख्या -1332 ग्राम पंचायत भिटौरा, तहसील मनकापुर में स्थित है, जिसके दोनों सहखातेदार हैं तथा उक्त भूमि पर काबिज व दाखिल हैं। आरोप लगाया है कि उसी जमीन के सहखातेदार अब्दुल हसन व अफसर अली, भू-माफिया हैं और जमीनों में विवाद उत्पन्न कराकर दूसरों की भूमि पर अपनी दबंगई के बल पर प्लाटिंग करके विक्रय करने का धंधा करते हैं।

डीएम व एसपी से की शिकायत, लगाई न्याय की गुहार
आरोप है कि 15.03.2025 को उक्त लोगों द्वारा गाटा संख्या 1332 की जमीन पर अवैध कब्जा कर जबरन नींव डलवाकर प्लाटिंग किया जाने लगा। इसकी जानकारी होने पर वह मौके पर पहुंचा और विरोध किया तो भद्दी-भद्दी गालियां देते हुए जान से मार देने की धमकी दी। इस पर पीड़ित भागकर कोतवाली पहुंचा और तहरीर देकर कब्जा रोकवाने व कार्रवाई की गुहार लगाई लेकिन पुलिस टस से मस नहीं हुई। उसने 12 मई को पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र दिया। एसपी ने भी मनकापुर पुलिस को तत्काल कब्जा रोकवाने व निस्तारण का निर्देश दिया, लेकिन इसके बाद भी पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गयी।
छह मई को पीड़ित महबूब अली का पुत्र मकसूद थाने पर पहुंचा और दबंगों द्वारा जबरन मिट्टी पटाकर किए जा रहे कब्जे को रोकवाने की गुहार लगाई लेकिन कोतवाल ने उसे यह कहकर टरका दिया कि यह राजस्व विभाग का मामला है। इसमें पुलिस कुछ नहीं कर सकती है। आरोप है कि इसी बीच एक स्थानीय पत्रकार के साथ दोनों आरोपी कोतवाली में पहुंच गए, जिसके कुछ समय बाद मकसूद को फोन कर कोतवाली बुलाया गया। जब वह वहां पहुंचा तो उसे बैठा लिया गया और कुछ देर बाद हवालात में बंद कर दिया गया। करीब पांच घंटे तक उसे हवालात में रखा गया। चार बजे के बाद चालान कर तहसील भेज दिया गया।

डीएम का भी आदेश नहीं मान रही मनकापुर पुलिस
इस मामले में 7 मई को जनता दर्शन में पीड़ित द्वारा जिलाधिकारी नेहा शर्मा के समक्ष तथ्यों व दस्तावेजों के साथ प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया। उन्होंने एसडीएम मनकापुर व एसएचओ को निर्देशित किया कि न्यायालय में वाद विचाराधीन होने के दृष्टिगत मौके पर शांति व्यवस्था बनाई रखी जाय। इसके बाद भी पुलिस के कानों पर जूं नहीं रेंगी। अपने खिलाफ कार्रवाई न होने से दबंगों के हौसले बुलंद हैं। इसका नतीजा है कि 11 मई को फिर विवादित भूमि पर जबरन मिट्टी पटाई कर कब्जा करने लगे, जिसे सूचना पर पहुंची 112 टीम ने रोकवा दिया था। हालांकि, दबंग टीम से भी उलझ गए और कहे कि जाकर कोतवाल से बात करो।
क्या कहते हैं प्रभारी निरीक्षक
इस संबंध में मनकापुर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक मनोज पाठक का कहना है कि दो पक्षों में जमीन विवाद चल रहा है। मिट्टी पटाई को रोकवा दिया गया है। दोनों पक्षों के खिलाफ शांति व्यवस्था के मद्देनजर कार्रवाई की गयी है।
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