मैनपुरी में कीकर के जंगल में बैठकर लिखी जा रही थीं बोर्ड की कॉपियां, STF ने 6 को दबोचा
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश में जारी बोर्ड परीक्षाओं को लेकर योगी सरकार की सख्ती के बावजूद नकल माफिया अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं। मैनपुरी के बेबर थाना क्षेत्र में एसटीएफ (STF) ने एक ऐसे गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो स्कूल के बाहर जंगल में बैठकर मोटी रकम लेकर इंटरमीडिएट की कॉपियां लिख रहा था।
कीकर के जंगल में चल रही थी ‘सॉल्वर फैक्ट्री’
एसटीएफ की आगरा यूनिट को सूचना मिली थी कि ‘महाराज सिंह स्मारक इंटर कॉलेज, जोत’ के प्रबंधक और प्रधानाचार्य की मिलीभगत से सामूहिक नकल कराई जा रही है। टीम ने जब कॉलेज से करीब 300 मीटर दूर कीकर के जंगल में छापेमारी की, तो वहां का नजारा देख अधिकारी दंग रह गए। वहां सॉल्वर बैठकर गणित की कॉपियां लिख रहे थे और जीव विज्ञान का मूल प्रश्नपत्र हल किया जा रहा था।
गिरफ्तार अभियुक्तों का कच्चा चिट्ठा
पुलिस ने मौके से कुल 6 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें शामिल हैं:
आशीष: कॉलेज प्रबंधक का बेटा (मुख्य साजिशकर्ता)।
अरुण कुमार व अंकित: कॉलेज के अध्यापक।
शिवा चौहान, अवनीत व अनूप कुमार: सॉल्वर (जो कॉपियां लिख रहे थे)।
5 हजार में बिक रहा था एक पेपर
पूछताछ में पता चला कि यह पूरा खेल बेहद शातिराना तरीके से चल रहा था। स्कूल प्रशासन की मदद से परीक्षा शुरू होते ही प्रश्नपत्र बाहर भेज दिया जाता था। सॉल्वर जंगल में बैठकर कॉपियां लिखते थे और परीक्षा खत्म होने से पहले उन कॉपियों को वापस लाकर सेंटर के भीतर अन्य छात्रों की कॉपियों में मिला दिया जाता था। इस काम के लिए प्रति परीक्षार्थी, प्रति पेपर 5,000 रुपये वसूले जाते थे।
बरामदगी और कानूनी कार्रवाई
एसटीएफ ने मौके से इंटरमीडिएट गणित की 2 लिखित उत्तर पुस्तिकाएं, जीव विज्ञान का मूल प्रश्नपत्र, की-प्लान, सीटिंग प्लान और 6 मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
इस मामले में थाना बेबर में नई धाराओं (BNS) और उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा अध्यादेश-2024 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। गिरोह के अन्य सदस्यों और फरार प्रधानाचार्य अमरीश की तलाश तेज कर दी गई है।
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