Lucknow News: UGC नियमों पर वरिष्ठ BJP नेता कलराज मिश्र ने खोला मोर्चा, बोले- यह पूरी तरह असंवैधानिक है
Lucknow News: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) द्वारा उच्च शिक्षण संस्थानों के लिए जारी की गई नई गाइडलाइंस पर अब अपनों ने ही सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। बीजेपी के कद्दावर नेता कलराज मिश्र ने इन नियमों का कड़ा विरोध करते हुए इन्हें वापस लेने की मांग की है। उनके इस बयान ने सोशल मीडिया और सड़कों पर विरोध कर रहे छात्रों और अभिभावकों को बड़ी राजनीतिक ताकत दे दी है।
सिर्फ जाति नहीं, सबके लिए हो न्याय का रास्ता
कलराज मिश्र ने नियमों की खामियों पर बात करते हुए कहा कि भेदभाव किसी के साथ भी हो सकता है। उन्होंने तर्क दिया कि भेदभाव की शिकायत करने का अधिकार सिर्फ चुनिंदा वर्गों तक सीमित न होकर हर उस व्यक्ति को मिलना चाहिए जिसके साथ अन्याय हो रहा है। इसे अलग-अलग जातियों के आधार पर बांटने के बजाय सर्वसमावेशी बनाना चाहिए। पूर्व राज्यपाल ने एक बेहद अहम मुद्दा उठाते हुए कहा कि इन नियमों में झूठी शिकायत करने वालों के खिलाफ सजा का कोई प्रावधान नहीं है, जो कि गंभीर चिंता का विषय है।
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2012 की गाइडलाइंस का दिया हवाला
कलराज मिश्र ने याद दिलाया कि एससी-एसटी भेदभाव को लेकर 2012 की गाइडलाइंस पहले से प्रभावी थीं, लेकिन अब जिस तरह से बदलाव किए गए हैं, वे संवैधानिक ढांचे के अनुरूप नहीं लगते। उनके इस स्पष्ट रुख ने उन जनप्रतिनिधियों पर भी दबाव बढ़ा दिया है जो अब तक इस मुद्दे पर ‘वेट एंड वॉच’ की स्थिति में थे।
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