Lucknow News: बिजली विभाग की छापेमारी से मचा हड़कंप, निशातगंज में जांच जारी
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश में बिजली चोरी पर शिकंजा कसने के लिए ऊर्जा विभाग ने अब नई रणनीति अपनाई है। अब छापेमारी दिन में नहीं, बल्कि तड़के सुबह और देर रात की जाएगी। इसी सिलसिले में सोमवार सुबह करीब 5 बजे बिजली विभाग की विशेष टीम ने लखनऊ के निशातगंज क्षेत्र में औचक छापेमारी की। अचानक हुई इस कार्रवाई से इलाके में अफरा-तफरी मच गई, क्योंकि अधिकांश लोग उस समय गहरी नींद में थे।
बिजली विभाग के सूत्रों के मुताबिक, निशातगंज की कुछ गलियों में लंबे समय से बिजली चोरी की शिकायतें मिल रही थीं। जानकारी थी कि कई व्यावसायिक और रिहायशी भवनों में डायरेक्ट कनेक्शन या मीटर से छेड़छाड़ कर बिजली का अवैध उपयोग किया जा रहा है। इन शिकायतों के बाद अधीक्षण अभियंता के निर्देश पर एक संयुक्त टीम बनाई गई, जिसमें जूनियर इंजीनियर, लाइनमैन और प्रवर्तन विभाग के अधिकारी शामिल थे।
टीम ने सुबह करीब 5 बजे निशातगंज की गलियों में कई घरों और दुकानों के मीटरों की जांच की। हालांकि इस छापेमारी के दौरान कोई उपभोक्ता रंगे हाथ नहीं पकड़ा गया। लेकिन अधिकारियों ने साफ किया कि यह केवल शुरुआत है भविष्य में और भी औचक कार्रवाई होगी।
बिजली चोरी से हो रहा राजस्व का नुकसान
बिजली विभाग के अधीक्षण अभियंता ने बताया, बिजली चोरी की वजह से राज्य को भारी राजस्व नुकसान हो रहा है। हमने तय किया है कि अब रूटीन चेकिंग की बजाय सुबह या रात को अचानक छापेमारी की जाएगी। इससे बिजली चोरों को पकड़ना आसान होगा। उन्होंने बताया कि जल्द ही इंदिरा नगर, अलीगंज, राजाजीपुरम और हुसैनगंज जैसे इलाकों में भी इस तरह की कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रिया
इस छापेमारी पर स्थानीय लोगों की प्रतिक्रियाएं मिश्रित रहीं। कुछ लोगों ने इसे सकारात्मक कदम बताते हुए कहा कि इससे ईमानदार उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी। वहीं कुछ लोगों ने विभाग के कर्मचारियों के व्यवहार पर सवाल उठाए और कार्रवाई के समय को लेकर असंतोष जताया। बिजली विभाग का मानना है कि चोरी रोकने के लिए जब तक अचानक और निरंतर कार्रवाई नहीं की जाएगी, तब तक व्यवस्था में सुधार संभव नहीं है। विभाग अब अलग-अलग शिफ्टों में कार्रवाई करेगा ताकि बिजली चोरों की हर हरकत पर नजर रखी जा सके।
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