ट्रंप गुंडे और बदमाश की तरह कर रहे व्यवहार, शिया धर्मगुरु बोले- मोदी सरकार ने किया मायूस
Lucknow News: ईरान और इजरायल के बीच छिड़ी जंग के बीच लखनऊ के प्रमुख शिया धर्मगुरुओं ने अमेरिका और इजरायल के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। मौलाना कल्बे जव्वाद, मौलाना यासूब अब्बास और मौलाना सैफ अब्बास ने एक सुर में अमेरिका की दादागिरी की निंदा करते हुए इसे दुनिया के लिए खतरा बताया है।
मशहूर शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जव्वाद ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सख्त शब्दों में गुंडा और बदमाश करार दिया। उन्होंने दुख जताते हुए कहा कि आज दुनिया के ताकतवर मुल्क खामोश हैं। मौलाना ने कहा कि ईरान को इसलिए निशाना बनाया जा रहा है क्योंकि वह अकेला अमेरिका के सामने डटकर खड़ा था। उन्होंने आरोप लगाया कि बच्चियों के स्कूलों और धार्मिक रहबरों को धोखे से निशाना बनाया गया। उन्होंने कहा कि भारत को केवल आर्थिक लाभ के लिए घुटने नहीं टेकने चाहिए, बल्कि सच्चाई और इंसाफ का साथ देना चाहिए।
असली सुपर पावर अल्लाह है, अमेरिका नहीं
शिया धर्मगुरु मौलाना यासूब अब्बास ने अमेरिका की दादागिरी को ललकारते हुए कहा कि शुरुआत उन्होंने (अमेरिका-इजरायल) की है, लेकिन अंजाम हम करेंगे। उन्होंने कहा कि शांति तभी होगी जब अमेरिका और इजरायल सरेंडर करेंगे। उन्होंने मांग की कि हिंदुस्तान को ईरान का साथ देना चाहिए और इजरायल की नीतियों के खिलाफ खुलकर बयान देना चाहिए।
ट्रंप ने गलत नंबर डायल कर दिया है: मौलाना सैफ अब्बास
मौलाना सैफ अब्बास ने बेहद कड़े लहजे में अमेरिका और इजरायल की तुलना जानवरों से की। उन्होंने कहा कि जिन्हें इंसानियत पसंद है वे शांति चाहते हैं, लेकिन इन दोनों देशों को शांति पसंद नहीं है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को याद करते हुए कहा कि वे सबके महबूब थे क्योंकि वे इंसाफ की बात करते थे। मौलाना ने पीएम मोदी के रुख पर मायूसी जताते हुए कहा कि उन्होंने नेतन्याहू से बात तो की, लेकिन संवेदना व्यक्त नहीं की। उन्होंने स्पष्ट किया कि ईरान जनता को नहीं, बल्कि खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बना रहा है।

