वोटर लिस्ट से न छूटे कोई भी नाम, बरेली मंडल में मतदाता सूची के पुनरीक्षण की समीक्षा

Sandesh Wahak Digital Desk: मतदाता सूची को त्रुटिहीन और अपडेटेड बनाने के लिए शुक्रवार को बरेली कलेक्ट्रेट सभागार में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक हुई। भारत सरकार के संयुक्त सचिव और विशेष रोल प्रेक्षक संजय कुमार अग्रवाल की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में बरेली, बदायूं, शाहजहांपुर और पीलीभीत के जिला निर्वाचन अधिकारियों ने हिस्सा लिया।

वोटर लिस्ट से न छूटे कोई भी नाम, बरेली मंडल में मतदाता सूची के पुनरीक्षण की समीक्षा

नए वोटरों और महिलाओं की भागीदारी पर जोर

विशेष रोल प्रेक्षक ने साफ कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए हर पात्र युवा का नाम वोटर लिस्ट (फार्म 6) में होना जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे ‘जेंडर रेशियो’ (महिला-पुरुष मतदाता अनुपात) पर विशेष ध्यान दें। यदि फाइनल लिस्ट में महिलाओं की संख्या कम रही, तो यह कार्यप्रणाली पर सवाल खड़ा करेगा। इसलिए अधिक से अधिक महिलाओं को मतदाता बनाने के प्रयास किए जाएं।

राजनैतिक दलों के साथ संवाद जरूरी

अक्सर मतदाता सूची को लेकर राजनैतिक दलों को शिकायतें रहती हैं। इसे देखते हुए प्रेक्षक ने निर्देश दिए कि जिला और तहसील स्तर (ERO लेवल) पर राजनैतिक दलों के साथ नियमित बैठकें की जाएं। उनकी शंकाओं का समाधान किया जाए ताकि पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे।

वोटर लिस्ट से न छूटे कोई भी नाम, बरेली मंडल में मतदाता सूची के पुनरीक्षण की समीक्षा

मंडल के चारों जिलों की रिपोर्ट एक नजर में।

बदायूं: यहां 6 विधानसभा क्षेत्रों के लिए 112 सहायक निर्वाचन अधिकारी (AERO) तैनात हैं। अब तक 71 हजार नए फार्म प्राप्त हुए हैं। प्रेक्षक ने इन फार्मों में महिलाओं की संख्या की समीक्षा करने को कहा है।

शाहजहांपुर: जिले का जेंडर रेशियो पहले के मुकाबले कम होकर 8.00 पर आ गया है, जिसे गंभीरता से लेते हुए सुधार के निर्देश दिए गए। यहाँ 170 ए.ई.आर.ओ. काम कर रहे हैं।

पीलीभीत: यहां की 4 विधानसभाओं में चुनाव आयोग के निर्देशों के पालन पर संतोष जताया गया।

बरेली: मंडल मुख्यालय बरेली में सबसे अधिक 9 विधानसभाएं हैं। यहाँ 5.71 लाख से अधिक नोटिस जनरेट किए गए हैं और अब तक 2.13 लाख से ज्यादा नए मतदाताओं (फार्म 6) के आवेदन मिले हैं। प्रेक्षक ने इन आवेदनों के निस्तारण की गति बढ़ाने के निर्देश दिए।

मृत और शिफ्ट हो चुके वोटरों की छंटनी

बैठक में ‘ए.एस.डी.’ (Absent, Shifted, Dead) सूची को भी अपडेट रखने को कहा गया। जो लोग अब उस पते पर नहीं रहते या जिनकी मृत्यु हो चुकी है, उनके नाम सूची से हटाए जाएं ताकि वोटिंग के दिन कोई गड़बड़ी न हो।

इस दौरान बरेली के डीएम अविनाश सिंह, बदायूं के डीएम अवनीश राय, पीलीभीत के डीएम ज्ञानेन्द्र सिंह और शाहजहांपुर के डीएम धर्मेन्द्र प्रताप सिंह सहित सभी चुनाव अधिकारी मौजूद रहे।

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