आज फतेहपुर दौरे पर राहुल गांधी, हरिओम वाल्मिकी के परिवार से करेंगे मुलाकात, प्रशासन अलर्ट

Sandesh Wahak Digital Desk: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के फतेहपुर स्थित तुराब अली का पुरवा में निर्धारित 30 मिनट के कार्यक्रम ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को 42 घंटे से अधिक समय तक ‘चकरघिन्नी’ बनाए रखा। राहुल गांधी शुक्रवार को सुबह सवा नौ बजे यहां पहुंचकर हरिओम वाल्मीकि के परिवार से मिलेंगे।

बुधवार शाम चार बजे राहुल गांधी के आगमन का कार्यक्रम जिला प्रशासन को मिलते ही बृहस्पतिवार का पूरा दिन प्रशासनिक अधिकारियों की गाड़ियां हरिओम वाल्मीकि के घर तक जाने वाली संकरी गलियों का चक्कर काटती रहीं। यह सुरक्षा घेरा राहुल गांधी की वापसी तक, शुक्रवार सुबह पौने दस बजे तक, बरकरार रहेगा।

पुलिस छावनी में बदला तुराब अली का पुरवा

गुरुवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं तो क्या, पड़ोस के लोगों को भी हरिओम के परिवार से मिलने नहीं दिया जा रहा था। राहुल गांधी का कार्यक्रम सुबह जल्दी होने के कारण बृहस्पतिवार की रात से ही हरिओम के घर, आसपास की गलियों और पुराने जीटी रोड तक चप्पे-चप्पे पर भारी पुलिस बल तैनात रहा।

गुरुवार सुबह 11 बजे जिलाधिकारी (डीएम) रविंद्र सिंह और पुलिस अधीक्षक (एसपी) अनूप सिंह अधिकारियों के काफिले के साथ तुराब अली का पुरवा पहुंचे। उनके साथ सीओ सिटी और एडीएम भी मौजूद थे। अधिकारियों के पहुंचने पर गली के मुहाने पर तैनात पुलिसकर्मियों ने वाहनों का आवागमन रोक दिया, जिससे लोगों को चक्कर काटकर अपने घरों तक जाना पड़ा। करीब एक घंटे तक दोनों अधिकारियों ने हरिओम के परिजनों से मुलाकात की और सुरक्षा व्यवस्था की तैयारियों का जायजा लिया।

विशेष सफाई और बिजली की व्यवस्था

डीएम-एसपी के लौटने के बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और सफाई का सघन अभियान शुरू हुआ। बिजली विभाग के कर्मियों को बुलाकर हरिओम के घर तक विशेष लाइन खींची गई, ताकि रात और शुक्रवार सुबह बिजली की कोई समस्या न हो। नगर पालिका के सफाई कर्मियों की टीम लगाकर सड़कों से कूड़ा और नालियों से सिल्ट उठवाई गई। इस दौरान स्थानीय लोगों ने कहा, “ऐसे ही बीच-बीच में वीआईपी आते रहे तो सफाई बनी रहेगी।”

परिवार रहा ‘नजरबंद’ जैसा

गुरुवार को सुबह 11 बजे से दोपहर तीन बजे तक पुलिस और प्रशासन के अधिकारी खुद कुर्सी डालकर हरिओम के घर पर डटे रहे। इस दौरान परिवार के किसी भी सदस्य को बाहर जाने या किसी बाहरी व्यक्ति को अंदर आने की अनुमति नहीं थी। बाहर तैनात फोर्स ने तीन बजे के बाद भी यह पाबंदी जारी रखी। बताया जा रहा है कि इस दौरान अधिकारियों ने परिवार से उनकी प्रमुख मांगों और राहुल गांधी से की जाने वाली मुख्य बातों के बारे में चर्चा की।

क्या था मामला?

फतेहपुर के तुराब अली का पुरवा निवासी हरिओम वाल्मीकि की 1 अक्टूबर को रायबरेली के ऊंचाहार स्थित ससुराल जाते समय चोर समझकर पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी। हरिओम के पिता का दावा था कि पिटाई के दौरान उसने अपना नाम-पता भी बताया और राहुल गांधी का नाम भी लिया, लेकिन लोगों ने नहीं सुनी। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला राजनीतिक रूप से गरमा गया था।

Also Read: Lucknow News: नाबालिग से गैंगरेप का मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में घायल, 25 हजार का था इनाम

Get real time updates directly on you device, subscribe now.