Ranji Trophy 2025: रोमांच की सारी हदें हुई पार, केरल ने बदला 74 साल पुराना इतिहास

Ranji Trophy Final Kerala: रणजी ट्रॉफी 2024-25 का पहला सेमीफाइनल केरल और गुजरात के बीच खेला गया. इस भिड़ंत से पहले किसने सोचा था कि यह मुकाबला किसी फिल्म के क्लाइमेक्स सीन जैसा बन जाएगा.

Ranji Trophy

दरअसल, केरल ने पहली पारी में मात्र 2 रन की बढ़त के आधार पर रणजी ट्रॉफी के फाइनल में स्थान पक्का किया है. केरल क्रिकेट टीम ने अपने 74 साल के अस्तित्व में पहली बार रणजी ट्रॉफी के फाइनल में जगह बनाई है. और उसका सामना खिताबी भिड़ंत में विदर्भ से होगा.

आपको बता दें कि अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए इस सेमीफाइनल मैच में केरल ने पहले खेलकर 457 रन बनाए थे. गुजरात की बारी आई तो प्रियांक पांचाल ने 148 रनों की पारी खेली थी. और उनके साथ आर्य देसाई ने भी 73 रन की पारी खेली.

दोनों की 131 रनों की साझेदारी से लगने लगा था. जैसे गुजरात ने मुकाबले पर पकड़ बना ली है. एक समय गुजरात ने एक विकेट के नुकसान पर 238 रन बना लिए थे. लेकिन उसके बाद निरंतर विकेट गिरते रहे. और टीम का स्कोर 9 विकेट के नुकसान पर 455 रन हो चला.

3 रन के लिए तरसा गुजरात

Ranji Trophy

रणजी ट्रॉफी का नियम है कि पहली पारी में बढ़त के आधार पर टीम को विजेता घोषित किया जाता है. गुजरात 455 रन बना चुका था और उसे जीत का दावा ठोकने के लिए कम से कम 3 रन बनाने थे. अगर गुजरात की टीम 458 रन भी बना लेती, तो मैच ड्रॉ रहने की स्थिति में भी गुजरात फाइनल में प्रवेश कर जाता. मगर किस्मत को कुछ और ही मंजूर था.

Ranji Trophy

केरल के लिए आदित्य सरवटे गेंदबाजी कर रहे थे, वहीं सामने अर्जन नागवासवाला बैटिंग कर रहे थे. नागवासवाला ने बड़ा शॉट खेलने का प्रयास किया, लेकिन गेंद पास ही खड़े फील्डर के हेल्मेट में लगकर हवा में उछल गई.

और सचिन बेबी ने कैच पकड़ लिया और ICC के नियमानुसार, अंपायर ने भी नागवासवाला को आउट करार दिया. अंत में मैच ड्रॉ रहा और पहली पारी में 2 रनों की बहुत छोटी बढ़त के आधार पर केरल की टीम पहली बार रणजी ट्रॉफी के फाइनल में पहुंच गई.

Also Read: Champions Trophy 2025: शमी का ‘पंजा’ और गिल का शतक, टीम इंडिया के आगे बांग्लादेश नतमस्तक

Get real time updates directly on you device, subscribe now.