‘वे देश विरोधियों पर अंकुश के समर्थक थे’, नाना पाटेकर को याद कर PM मोदी ने किया ‘परिंदा’ और ‘क्रांतिवीर’ का जिक्र
Bollywood News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को इंडिया मोबाइल कांग्रेस को संबोधित करते हुए दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन पर शोक जताया।
उन्होंने नाना पाटेकर को याद करते हुए कहा कि वह बेहतरीन कलाकार थे और उन्होंने अलग-अलग किरदारों के जरिए दर्शकों के दिल में खास जगह बनाई।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि नाना पाटेकर का जीवन तिरंगे की आन, बान और शान के लिए समर्पित रहा। वह किसी बंधन में नहीं रहे और फिल्मों के अलग-अलग किरदारों के जरिए अपनी पहचान बनाई।
पीएम ने कहा कि नाना पाटेकर ने अपनी फिल्मों के माध्यम से समाज में मौजूद व्यवस्थाओं और बुराइयों पर प्रहार किया।
पीएम मोदी ने कहा कि नाना पाटेकर ऐसे क्रांतिवीर थे, जिन्होंने बुराइयों के खिलाफ काम किया। उनकी वाणी जितनी तेज थी, उनकी खामोशी उतनी ही प्रभावी थी।

उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर देश के विरोधियों पर अंकुश के समर्थक थे। प्रधानमंत्री ने दिवंगत अभिनेता के परिवार और प्रशंसकों के प्रति संवेदना भी व्यक्त की।
करीब पांच दशक का रहा फिल्मी सफर
नाना पाटेकर का निधन 8 अक्टूबर को हुआ। मणिपाल हॉस्पिटल के डॉ. शेखर सालकर के मुताबिक, उनका निधन सुबह 5:20 बजे हुआ।
उनका अंतिम संस्कार पुणे स्थित फार्महाउस में किया जाएगा।
नाना पाटेकर ने करीब पांच दशक लंबे फिल्मी करियर में 100 से ज्यादा फिल्मों में काम किया।
उन्होंने छोटे और सपोर्टिंग रोल से शुरुआत की और आगे चलकर हिंदी और मराठी सिनेमा के प्रमुख अभिनेताओं में शामिल हुए।
तीन बार मिला नेशनल फिल्म अवॉर्ड
1989 में आई फिल्म ‘परिंदा’ में नाना पाटेकर ने अन्ना का किरदार निभाया था, जिसके लिए उन्हें बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला।
1994 की ‘क्रांतिवीर’ के लिए उन्हें बेस्ट एक्टर और 1996 की ‘अग्निसाक्षी’ के लिए बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला।
इस तरह नाना पाटेकर को अपने करियर में तीन नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिले। भारतीय सिनेमा में योगदान के लिए उन्हें 2013 में पद्मश्री से भी सम्मानित किया गया था।
उन्होंने हिंदी के साथ-साथ मराठी फिल्मों में भी काम किया और अभिनय की अपनी अलग शैली से पहचान बनाई।
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