Siddharthnagar News: ज्ञान का आदर्श केंद्र बन रहा है जिला पुस्तकालय, नीति आयोग की टीम हुई प्रभावित
Sandesh Wahak Digital Desk: राजकीय जिला पुस्तकालय सिद्धार्थनगर में बुधवार को नीति आयोग, भारत सरकार दिल्ली से आए कंसल्टेंट अमृतेश पांडेय ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पुस्तकालय की सुविधाओं की सराहना करते हुए कहा कि, “यह पुस्तकालय पूर्णतः सार्वजनिक है, और इसका लाभ हर नागरिक को लेना चाहिए। ज्ञान ही वह माध्यम है जो इंसान को उसकी अंतिम यात्रा तक मार्गदर्शन करता है।”
पुस्तकालय के दौरे के दौरान अमृतेश पांडेय ने कहा कि वार्षिक ₹500 शुल्क पर पाठक या सदस्य बनकर इस ज्ञान के भंडार का लाभ कोई भी ले सकता है। उन्होंने इसे “सार्वजनिक उपयोग के लिए समर्पित एक समृद्ध संसाधन” बताया और लोगों से आग्रह किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में जुड़ें।

निरीक्षण में सब कुछ रहा संतोषजनक
नीति आयोग के अधिकारी ने सबसे पहले पुस्तकालय की मौजूदा गतिविधियों और सुविधाओं का जायज़ा लिया। इसके बाद प्रथम तल पर निर्माणाधीन “मॉडल पुस्तकालय” का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बच्चों से बातचीत की, बैठक व्यवस्था, फर्नीचर, वाई-फाई और शुद्ध पेयजल जैसी सुविधाओं की जानकारी ली।
निरीक्षण के समय उनके साथ जिला सहायक अर्थ एवं संख्यकीय अधिकारी वीरेंद्र सिंह भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने निरीक्षण को “संतोषजनक” करार दिया।
10 कंप्यूटर, फ्री वाई-फाई और 12,500 से अधिक किताबों से सुसज्जित है पुस्तकालय
पुस्तकालय के जिला समन्वयक कृष्ण बिहारी द्विवेदी ने जानकारी दी कि इस समय पुस्तकालय में कुल 641 पंजीकृत पाठक/सदस्य हैं और 12,500 से अधिक किताबें उपलब्ध हैं। इनमें साहित्य, कहानियां, आध्यात्मिकता, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी से संबंधित सामग्री सहित कई विषयों की पुस्तकें शामिल हैं।
पुस्तकालय में पाठकों के लिए निम्नलिखित सुविधाएं मौजूद हैं:
- बीआईपी फर्नीचर से सुसज्जित बैठक व्यवस्था
- 10 कंप्यूटर सिस्टम
- निःशुल्क वाई-फाई
- शुद्ध पेयजल हेतु वाटर कूलर
यह सभी सुविधाएं आधुनिक और पाठकों की ज़रूरतों को ध्यान में रखते हुए तैयार की गई हैं। इसकी मॉनिटरिंग जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा की जाती है।
ज्ञान से मानवता को दिशा मिलती है- अमृतेश पांडेय
पांडेय ने अपने संबोधन में कहा ज्ञान इंसान को पशुता से अलग करता है। यह मानवता को एक नई दिशा देता है और जीवन को सार्थक बनाता है। हमें चाहिए कि हम पुस्तकालयों से जुड़ें और ज्ञान प्राप्त कर समाज को मजबूत बनाएं। इस अवसर पर पुस्तकालय के जिला समन्वयक कृष्ण बिहारी द्विवेदी के साथ भूपेंद्र मिश्रा, विकास उपाध्याय, उमाशंकर और अन्य कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
रिपोर्ट: जाकिर खान।
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