UP: अमरोहा से ATS ने दबोचा हवाला और टेरर फंडिंग का आरोपी, तुर्की से जुड़े हैं तार
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश आतंकवाद निरोधक दस्ता (UP ATS) ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर धन जुटाकर भारत में कट्टरपंथ फैलाने वाले एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। एटीएस ने अल्तमश फरीदी नामक आरोपी को अमरोहा जनपद से गिरफ्तार किया है। आरोपी उस समय पकड़ा गया जब वह नेपाल भागने की फिराक में था।
मामले की पृष्ठभूमि और गिरफ्तारी
यह कार्रवाई लखनऊ एटीएस थाने में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 14/2025 (बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत) के क्रम में की गई है। इससे पहले 7 नवंबर 2025 को दिल्ली निवासी फरहान नबी सिद्दीकी को कासना (गौतम बुद्ध नगर) से गिरफ्तार किया गया था। फरहान से पूछताछ के आधार पर अल्तमश फरीदी का नाम सामने आया, जिसे 26 फरवरी 2026 को अमरोहा से गिरफ्तार किया गया।
अपराध का तरीका
जांच में एटीएस को चौंकाने वाले तथ्य मिले हैं। जिसमें पता चला कि आरोपियों ने तुर्की में ‘HEYD’ नाम से एक वेबसाइट बनाई थी। इस वेबसाइट का उपयोग तुर्की के नागरिकों से कट्टरपंथी गतिविधियों के नाम पर चंदा जुटाने के लिए किया जाता था। तुर्की से आने वाले धन को हवाला के जरिए भारत मंगाया जाता था। इस धन को M/S Istanbul International Pvt Ltd और अन्य सहयोगियों के बैंक खातों में ‘रोटेट’ किया जाता था ताकि इसकी असल पहचान छिपाई जा सके। इस धन का उपयोग भारत की एकता, अखंडता और संप्रभुता को नुकसान पहुँचाने के लिए किया जा रहा था। आरोपी इस पैसे से भड़काऊ इस्लामिक साहित्य छपवाते और बांटते थे ताकि धार्मिक वैमनस्यता फैलाई जा सके।
अल्तमश फरीदी ने अमरोहा के रजबपुर में एक अवैध मदरसे की स्थापना में मुख्य भूमिका निभाई थी, जिसका उपयोग कट्टरपंथी विचारधारा के प्रचार-प्रसार के लिए किया जा रहा था।
बरामदगी और कानूनी कार्रवाई
गिरफ्तार अभियुक्त अल्तमश फरीदी के पास से पुलिस ने निम्नलिखित वस्तुएं बरामद की हैं।
एक मोबाइल फोन (जिसमें संदिग्ध डेटा होने की संभावना है)
आधार कार्ड और पैन कार्ड
आरोपी को माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर विधिक कार्यवाही की जा रही है। एटीएस अब उसके अन्य सहयोगियों और बैंक खातों के वित्तीय लेन-देन की गहराई से जांच कर रही है।

