UP News: आंगनबाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के लिए खुशखबरी, सीएम योगी ने किया मानदेय बढ़ने का ऐलान
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश की हजारों आंगनबाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं को बड़ी सौगात दी है। विधान परिषद में राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि सरकार जल्द ही इनके मानदेय में वृद्धि करेगी। इसके साथ ही उन्होंने शिक्षामित्रों, अनुदेशकों और रसोइयों के लिए भी सरकार की सकारात्मक कार्ययोजना का उल्लेख किया।
प्रमुख घोषणाएं और कल्याणकारी कदम
निराश्रित और वृद्धावस्था पेंशन में बढ़ोतरी के बाद अब आंगनबाड़ी व आशा कार्यकर्ताओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए मानदेय बढ़ाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने याद दिलाया कि 1 अप्रैल 2026 से शिक्षामित्रों, अनुदेशकों और रसोइयों सहित सभी शिक्षकों को 5 लाख रुपये तक की मुफ्त कैशलेस चिकित्सा सुविधा का लाभ मिलना शुरू हो जाएगा।
यूपी अब पारंपरिक उद्योगों से आगे बढ़कर एआई (AI), रोबोटिक्स, सेमीकंडक्टर और ड्रोन जैसे क्षेत्रों में बढ़ रहा है। देश में बिकने वाले कुल इलेक्ट्रिक वाहनों में 19% हिस्सेदारी अकेले उत्तर प्रदेश की है।
“यूपी अब फियर जोन नहीं, फेथ जोन है”
कानून-व्यवस्था पर बोलते हुए सीएम योगी ने कहा कि 2017 से पहले की ‘कर्फ्यू संस्कृति’ अब ‘जीरो टॉलरेंस’ में बदल चुकी है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि पहले “देख सपाई, बिटिया घबराई” का माहौल था, लेकिन आज बेटियां रात की शिफ्ट में भी निडर होकर काम कर रही हैं। मुख्यमंत्री ने डेटा पेश करते हुए बताया कि 2017 से पहले बेरोजगारी दर 19% से अधिक थी, जो अब घटकर मात्र 2.24% रह गई है।
संवैधानिक संस्थाओं के अपमान पर सपा को घेरा
मुख्यमंत्री ने निर्वाचक नामांकनों के पुनरीक्षण (SIR) मुद्दे पर समाजवादी पार्टी को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि SIR प्रक्रिया में 2.88 करोड़ से अधिक ऐसे नाम मिले हैं जो या तो मृत हैं, अनुपस्थित हैं या शिफ्ट हो चुके हैं। सपा इन्हीं के नाम पर फर्जी वोटिंग करती थी। सीएम ने आरोप लगाया कि सपा कार्यकर्ता बीएलओ (BLO) और संवैधानिक संस्थाओं से जुड़े लोगों के साथ दुर्व्यवहार कर रहे हैं, जो लोकतंत्र के लिए शोभनीय नहीं है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार ‘तुष्टीकरण’ नहीं बल्कि ‘संतुष्टीकरण’ की नीति पर काम कर रही है, जिसके परिणामस्वरूप पिछले कुछ वर्षों में 6 करोड़ लोग गरीबी रेखा से ऊपर आए हैं।

