UP Police: महिला पुलिसकर्मियों को मिलेंगी स्कूटी और मोबाइल, मिशन शक्ति 5.0 के तहत बड़ा फैसला

Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश में महिला सुरक्षा को और अधिक पुख्ता करने के लिए योगी सरकार ने ‘मिशन शक्ति 5.0’ के तहत एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। अब प्रदेश के सभी 1,600 मिशन शक्ति केंद्रों पर तैनात महिला पुलिसकर्मियों को अत्याधुनिक संसाधनों से लैस किया जाएगा। सरकार प्रत्येक केंद्र को चार-चार स्कूटी और सरकारी मोबाइल फोन उपलब्ध कराने जा रही है, ताकि महिला अपराध की सूचना पर पुलिस का रिस्पांस टाइम कम किया जा सके।

मिशन शक्ति 5.0: क्या है सरकार का प्लान?

महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन की नोडल अधिकारी, एडीजी पद्मजा चौहान ने बताया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य महिला पुलिसकर्मियों की गतिशीलता (Mobility) और कनेक्टिविटी को बढ़ाना है।

प्रदेश भर के केंद्रों के लिए कुल 6,400 स्कूटी आवंटित की जाएंगी। हर केंद्र को 4 स्कूटी मिलेंगी। प्रत्येक केंद्र को एक-एक स्मार्टफोन दिया जाएगा। इन मोबाइल हैंडसेट्स में विशेष ऐप होंगे, जिनके माध्यम से महिला पुलिसकर्मी हर घटना का विवरण रीयल-टाइम में दर्ज करेंगी। भीड़भाड़ वाले इलाकों, स्कूलों और बाजारों के पास स्थित ये केंद्र अब स्कूटी के जरिए सूचना मिलते ही चंद मिनटों में घटनास्थल पर पहुंच सकेंगे।

रियल-टाइम मॉनिटरिंग और समन्वय

नए मोबाइल फोन और ऐप के आने से न केवल जमीनी स्तर पर काम आसान होगा, बल्कि वरिष्ठ अधिकारी भी मुख्यालय से रीयल-टाइम मॉनिटरिंग कर सकेंगे। इससे अफसरों और महिला बीट अधिकारियों के बीच बेहतर तालमेल बनेगा और घटनाओं पर की गई कार्रवाई की पारदर्शिता बढ़ेगी।

“महिला अपराधों को रोकने के लिए घटनास्थल पर जल्द पहुंचना सबसे महत्वपूर्ण है। स्कूटी मिलने से महिला पुलिसकर्मियों का रिस्पांस टाइम घटेगा और कार्रवाई अधिक प्रभावी होगी।”

पद्मजा चौहान, एडीजी

2026 में बढ़ेंगी सुविधाएं

एडीजी के मुताबिक, वर्ष 2026 में मिशन शक्ति केंद्रों को और भी अधिक आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा। सरकार का लक्ष्य एक ऐसा सुरक्षित वातावरण तैयार करना है जहाँ महिला उत्पीड़न के मामलों में सख्त कार्रवाई के साथ-साथ अपराधों को घटित होने से पहले ही रोका जा सके।

 

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