International Women’s Day के रंगों का क्या है मतलब, जानिए बैंगनी, सफेद और हरे रंग का खास संदेश

Sandesh Wahak Digital Desk: हर साल 8 मार्च को दुनिया भर में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस (International Women’s Day) मनाया जाता है। इस दिन महिलाओं की उपलब्धियों को सम्मान दिया जाता है और gender equality यानी लैंगिक समानता के लिए चल रहे प्रयासों पर ध्यान केंद्रित किया जाता है। महिला दिवस के पोस्टर, लोगो और सजावट में अक्सर कुछ खास रंग दिखाई देते हैं। इनमें बैंगनी, सफेद और कभी-कभी हरा रंग प्रमुख रूप से नजर आता है।

दरअसल ये रंग केवल सजावट का हिस्सा नहीं होते, बल्कि इनके पीछे एक खास संदेश और इतिहास जुड़ा होता है। इन तीनों रंगों का इस्तेमाल महिलाओं के अधिकारों के आंदोलन से जुड़ा हुआ है और हर रंग अपने आप में एक अलग अर्थ को दर्शाता है।

बैंगनी रंग का प्रतीकात्मक अर्थ

दरअसल महिला दिवस (International Women’s Day) से जुड़े रंगों में बैंगनी रंग को सबसे अधिक महत्वपूर्ण माना जाता है। यह रंग न्याय, सम्मान और समानता के लिए वफादारी का प्रतीक माना जाता है। इतिहास में बैंगनी रंग को शक्ति, सम्मान और महत्वाकांक्षा से भी जोड़ा गया है।

वहीं महिलाओं के अधिकारों के आंदोलन में यह रंग महिलाओं की बराबरी और अपनी पहचान हासिल करने की दृढ़ इच्छा को दर्शाता है। यही वजह है कि आज भी महिला दिवस से जुड़े पोस्टर, सोशल मीडिया अभियान, इमारतों की रोशनी और कंपनियों की gender equality पहल में बैंगनी रंग का व्यापक रूप से इस्तेमाल किया जाता है।

सफेद रंग का संदेश

वहीं International Women’s Day के सफेद रंग को आंदोलन के दौरान पवित्रता और एकता का प्रतीक माना गया था। यह उन महिलाओं की एकजुटता को दर्शाने के लिए चुना गया था, जो अपने अधिकारों के लिए मिलकर संघर्ष कर रही थीं।

हालांकि इतिहासकारों के अनुसार समय के साथ सफेद रंग का अर्थ थोड़ा बदल गया है। आज महिला दिवस से जुड़ी विभिन्न कैंपेन में सफेद रंग को ईमानदारी, शांति और बराबरी के लिए मिलकर किए गए प्रयासों के प्रतीक के रूप में देखा जाता है। अक्सर पोस्टर और विजुअल्स में इसे बैंगनी रंग के साथ इस्तेमाल किया जाता है, जिससे यह संदेश दिया जाता है कि सभी लोग मिलकर gender equality के लिए खड़े हैं।

हरे रंग से जुड़ी उम्मीद

वहीं आज के समय में महिला दिवस (International Women’s Day) के साथ बैंगनी और सफेद रंग सबसे ज्यादा जाने जाते हैं, लेकिन हरा रंग भी इस आंदोलन से ऐतिहासिक रूप से जुड़ा हुआ है। हरा रंग उम्मीद और महिलाओं के बेहतर भविष्य का प्रतीक माना जाता है।

जब इन तीनों रंगों बैंगनी, सफेद और हरा को एक साथ देखा जाता है, तो ये महिलाओं के अधिकारों के आंदोलन के बीते समय, वर्तमान और भविष्य का संदेश देते हैं। इन रंगों के माध्यम से न्याय, एकता और उम्मीद जैसे मूल्यों को दर्शाया जाता है, जो gender equality के लक्ष्य को आगे बढ़ाने में अहम माने जाते हैं।

 

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