UP में योगी सरकार का बड़ा एक्शन, 7 अधिकारियों पर गिरी गाज
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Government) ने एक बार फिर यह साफ कर दिया है कि भ्रष्टाचार के मामलों में अब किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरती जाएगी। समाज कल्याण विभाग में बड़े पैमाने पर हुई गड़बड़ियों की जांच पूरी होने के बाद सरकार ने सात अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की है। समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण ने इन अधिकारियों के खिलाफ आदेश जारी किए हैं। मंत्री असीम अरुण के मुताबिक, लंबे समय से इन अधिकारियों के खिलाफ जांच चल रही थी। रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई तय हुई है। विभाग के चार अधिकारियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है, जबकि तीन सेवानिवृत्त अधिकारियों की पेंशन से कटौती और रिकवरी के आदेश जारी किए गए हैं।
बर्खास्त किए गए अधिकारी
दरअसल इस कार्रवाई के तहत श्रावस्ती की तत्कालीन जिला समाज कल्याण अधिकारी मीना श्रीवास्तव, मथुरा के करुणेश त्रिपाठी, हापुड़ के संजय कुमार व्यास और शाहजहांपुर के राजेश कुमार को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। इनमें मथुरा के करुणेश त्रिपाठी से 19.25 करोड़ रुपये और हापुड़ के संजय कुमार व्यास से 3.3 करोड़ रुपये की रिकवरी का आदेश हुआ है। वहीं शाहजहांपुर के राजेश कुमार से 2.52 करोड़ रुपये वसूले जाएंगे।

सेवानिवृत्त अधिकारियों पर भी कार्रवाई
वहीं सरकार ने सिर्फ कार्यरत अफसरों पर ही नहीं, बल्कि सेवानिवृत्त अधिकारियों को भी नहीं बख्शा। औरैया के तत्कालीन जिला समाज कल्याण अधिकारी श्री भगवान की पेंशन से 10 फीसदी कटौती का आदेश दिया गया है। मथुरा के सेवानिवृत्त अधिकारी विनोद शंकर तिवारी से 1.96 करोड़ रुपये की वसूली होगी, जबकि उमाशंकर शर्मा की पेंशन से 50% कटौती का आदेश जारी हुआ है।
छात्रवृत्ति घोटाले से जुड़ा है मामला
सूत्रों के मुताबिक, यह पूरा मामला छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार से जुड़ा है। जांच रिपोर्ट में अधिकारियों की संलिप्तता साबित होने के बाद यह कार्रवाई की गई है। समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण ने कहा कि, योगी सरकार की मंशा स्पष्ट है- भ्रष्टाचार करने वाले चाहे सेवानिवृत्त ही क्यों न हों, उन्हें किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
Also Read: वायु प्रदूषण पर दिल्ली में हंगामा, राहुल गांधी ने साधा केंद्र सरकार पर निशाना

