झोलाछाप के पास अर्बाशन कराने पहुंची 5 महीने की प्रेग्नेंट नाबालिग, निकाल दी छोटी आंत
Basti News: उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में गर्भपात कराने के प्रयास के दौरान एक नाबालिग किशोरी की हालत गंभीर हो गई। आरोप है कि झोलाछाप ने साढ़े पांच महीने की गर्भवती किशोरी की सर्जरी के दौरान उसकी छोटी आंत का अधिकांश हिस्सा निकाल दिया। इसके अलावा बच्चेदानी और पेशाब की थैली भी फट गई। गंभीर हालत में किशोरी को पहले बस्ती के कैली मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां से उसे बीआरडी मेडिकल कॉलेज, गोरखपुर रेफर कर दिया गया। फिलहाल वह लाइफ सपोर्ट पर है और डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज चल रहा है।
गर्भपात के प्रयास में बिगड़ी हालत
जानकारी के मुताबिक, किशोरी के साढ़े पांच महीने की गर्भवती होने का पता चलने पर परिजन उसे गर्भपात कराने के लिए एक झोलाछाप के पास ले गए थे। शुक्रवार रात वहां सर्जरी की गई। आरोप है कि इस दौरान किशोरी की आंत कट गई और भारी रक्तस्राव होने लगा। उसकी बच्चेदानी और पेशाब की थैली को भी नुकसान पहुंचा।
शनिवार सुबह हालत बिगड़ने पर परिजन उसे कैली मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने रक्तस्राव रोकने के लिए सर्जरी की, लेकिन किशोरी की स्थिति नाजुक बनी रही। इसके बाद उसे बेहतर इलाज के लिए गोरखपुर के बाबा राघव दास मेडिकल कॉलेज (BRD Medical College) रेफर कर दिया गया।
इमरजेंसी सर्जरी, पेट में बची महज 10 सेंटीमीटर आंत
बीआरडी मेडिकल कॉलेज में शनिवार देर रात जनरल सर्जरी विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. दुर्गेश त्रिपाठी के नेतृत्व में डॉक्टरों की टीम ने किशोरी की इमरजेंसी सर्जरी की।
डॉ. दुर्गेश के मुताबिक, किशोरी की छोटी आंत का अधिकांश हिस्सा निकाला जा चुका था। उसके पेट में अब केवल करीब 10 सेंटीमीटर छोटी आंत बची है। आमतौर पर छोटी आंत लगभग 12 फुट लंबी होती है। इतनी कम आंत बचने से शरीर में भोजन पचाने और पोषक तत्वों को अवशोषित करने की क्षमता गंभीर रूप से प्रभावित हो सकती है।
ऑपरेशन के बाद किशोरी की हालत स्थिर बताई गई, लेकिन खतरा अभी टला नहीं है। उसे लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर रखा गया है। डॉक्टर फिलहाल उसके भविष्य की स्थिति को लेकर कुछ कहने की हालत में नहीं हैं। वहीं, परिजन उसके ठीक होने की उम्मीद में अस्पताल में इंतजार कर रहे हैं।
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