UP News: लखनऊ पुलिस की बड़ी कामयाबी, असली आरोपी गिरफ्तार, 6 निर्दोषों को जेल जाने से बचाया
Sandesh Wahak Digital Desk: लखनऊ जिले थाना नगराम अंतर्गत ग्राम कुबहरा में हुई युवक की सनसनीखेज हत्या के मामले में नगराम पुलिस, सर्विलांस सेल और पुलिस उपायुक्त दक्षिणी की संयुक्त टीम ने बड़ा खुलासा किया है।
दरअसल, पुलिस ने वैज्ञानिक साक्ष्यों और कड़ी पूछताछ के आधार पर असली आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और इस जघन्य हत्याकांड में फंसाए गए 6 निर्दोष लोगों को जेल जाने से बचा लिया है।
घटना 4 मई 2025 की है, जब ग्राम कुबहरा निवासी महेश की बेल्ट से गला कसकर हत्या कर दी गई थी। अगले दिन महेश का शव गांव के रामदीन के खेत में, पुराने कब्रों के पास खून से लथपथ हालत में मिला था। मृतक के गले में बेल्ट कसी हुई थी।
पुलिस को दी शिकायत में मृतक की पत्नी सुनीता ने हत्या का आरोप गांव के 6 लोगों पर लगाया था, जिनमें तीन महिलाएं भी शामिल थीं।
दिलचस्प बात यह है कि मृतक और वादिनी पहले ही इन्हीं आरोपियों के एक परिजन की आत्महत्या के मामले में जेल जा चुके थे, जिससे यह मामला और उलझ गया था।

तीन टीमों का किया गया गठन, टेक्निकल जांच और सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। करीब 55 लोगों से वैज्ञानिक ढंग से पूछताछ की गई।
जांच में सामने आया कि असली आरोपी गांव का ही एक युवक मन्शाराम पुत्र अवधराम उर्फ अवधेश (27) है, जो पेशे से मजदूर है और पहले भी आपराधिक मामलों में जेल जा चुका है।
घटना की रात का सच
हत्या की रात महेश और मन्शाराम दोनों ने एक साथ शराब पी थी। नशे में दोनों के बीच गाली-गलौच और झगड़ा हुआ। झगड़े में मन्शाराम ने महेश को धक्का दिया जिससे वह गिर पड़ा और सिर में गंभीर चोट आई। इसके बाद आरोपी ने अपनी बेल्ट से उसका गला घोंट दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
हत्या को छिपाने और दूसरों को फंसाने के इरादे से मन्शाराम ने शव को रामदीन के खेत में बनी एक कब्र पर लिटा दिया, जिससे शक मृतक के पुराने विरोधियों पर जाए। घटना स्थल से मिली बेल्ट और आरोपी की चप्पल ने पुलिस को सच्चाई तक पहुंचा दिया।
पुलिस ने बरामद किए
हत्या में प्रयुक्त बेल्ट
आरोपी की चप्पल (एक शव के पास मिली, दूसरी आरोपी के घर से बरामद)
आरोपी का आपराधिक इतिहास
मन्शाराम पहले भी 2024 में एक अन्य गंभीर मामले में नामजद था।
आपको बता दें कि इस जटिल केस की सच्चाई उजागर करने वाली संयुक्त पुलिस टीम को ₹25,000 रुपये के इनाम से सम्मानित किया गया है। वहीं, इस खुलासे के बाद क्षेत्रीय जनता में पुलिस के प्रति भरोसा और भी मजबूत हुआ है।

