Mission Shakti: कहीं छात्रा बनीं SDM तो कहीं CO, एक दिन के लिए संभाली अफसरों की कुर्सी
Mission Shakti: उत्तर प्रदेश में महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान, स्वावलंबन और सशक्तिकरण के लिए मिशन शक्ति 6.0 अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत प्रदेश के अलग-अलग जिलों में छात्राओं को एक दिन के लिए प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की जिम्मेदारी दी जा रही है। इस पहल के जरिए छात्राओं को सरकारी कामकाज समझने और जनसमस्याओं के समाधान की प्रक्रिया जानने का अवसर मिल रहा है।
इस दौरान छात्राओं ने अधिकारियों की कुर्सी संभालकर लोगों की शिकायतें सुनीं और उनके समयबद्ध निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। अमेठी में छात्राओं ने एसडीएम और बीएसए की जिम्मेदारी संभाली, जबकि महोबा में एक छात्रा सीओ सिटी बनीं। मऊ में एक छात्रा को मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) की जिम्मेदारी सौंपी गई।
अमेठी में अंशिका बनीं एसडीएम, चांदनी को मिली बीएसए की जिम्मेदारी
अमेठी जिले में कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, गौरीगंज की कक्षा आठ की छात्रा अंशिका को एक दिन के लिए उप जिलाधिकारी (एसडीएम) बनाया गया। वहीं, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, भेटुआ की कक्षा दस की छात्रा चांदनी को एक दिन के लिए बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) की जिम्मेदारी सौंपी गई।
एसडीएम की भूमिका निभाते हुए अंशिका गौरीगंज स्थित उप जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचीं। यहां उन्होंने लोगों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को शिकायतों का तय समय में निस्तारण करने के निर्देश दिए।
अंशिका ने राजस्व से जुड़े कामकाज, सरकारी पत्रावलियों के रखरखाव और प्रशासनिक प्रक्रियाओं की जानकारी भी हासिल की। इसके साथ ही उन्होंने कार्यालय परिसर में साफ-सफाई बनाए रखने के निर्देश दिए। इस पहल से छात्राओं को प्रशासनिक व्यवस्था और अधिकारियों की जिम्मेदारियों को करीब से समझने का मौका मिला।
महोबा में प्रांशी बनीं सीओ सिटी
महोबा में कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय की कक्षा सात की छात्रा प्रांशी को एक दिन के लिए सीओ सिटी बनाया गया। मिशन शक्ति फेज-6 के तहत मिली इस जिम्मेदारी के दौरान प्रांशी सीओ सिटी कार्यालय पहुंचीं और पुलिस विभाग के कामकाज की जानकारी प्राप्त की।
उन्हें जनसुनवाई, लोगों की शिकायतें सुनने और उनके निस्तारण की प्रक्रिया के बारे में बताया गया। प्रांशी ने खुद भी शिकायतें सुनीं। साथ ही कानून-व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए पुलिस की ओर से किए जा रहे कार्यों को समझा।
इस पहल का उद्देश्य बालिकाओं को सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण के प्रति जागरूक करने के साथ सरकारी व्यवस्था में उनकी भागीदारी और आत्मविश्वास को बढ़ावा देना है।
मऊ में दिशा पटवा बनीं सीडीओ
मऊ जिले के कम्पोजिट विद्यालय, मुहम्मदाबाद गोहना की कक्षा आठ की छात्रा दिशा पटवा को एक दिन के लिए मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) बनाया गया। सीडीओ की जिम्मेदारी संभालते हुए दिशा ने विकास भवन परिसर में पौधरोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
उन्होंने लोगों की समस्याएं सुनीं और उनके समयबद्ध व प्रभावी समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। इस दौरान दिशा ने प्रशासनिक कामकाज को समझने के साथ राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत संचालित स्वयं सहायता समूह की गतिविधियों का भी निरीक्षण किया।
दिशा पटवा विकास खंड कोपागंज की ग्राम पंचायत ढेकवारा पहुंचीं। यहां उन्होंने जागृति स्वयं सहायता समूह की ओर से तैयार किए जा रहे जागृति डिटर्जेंट पाउडर और जागृति टॉयलेट क्लीनर के निर्माण कार्यों का जायजा लिया।
मिशन शक्ति 6.0 के तहत छात्राओं को एक दिन के लिए महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपने की यह पहल उन्हें प्रशासनिक व्यवस्था, पुलिस की कार्यप्रणाली और ग्रामीण विकास से जुड़े कार्यों को समझने का अवसर दे रही है। इसके जरिए बालिकाओं को आत्मनिर्भर बनने और भविष्य में नेतृत्व की भूमिका निभाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है।

