लखनऊ में चल रहा था विदेशी महिलाओं का हाईप्रोफाइल सेक्स रैकेट, IB के शिकंजे में उजबेकिस्तान की लोला
Lucknow Sex Racket Scandal: लखनऊ में विदेशी महिलाओं को कथित तौर पर भारत लाकर प्लास्टिक सर्जरी के जरिए उनका हुलिया बदलने और हाईप्रोफाइल सेक्स रैकेट चलाने के मामले में उजबेकिस्तान की लोला कायूमोवा (Lola Kayumova) को गिरफ्तार किया गया है। खुफिया एजेंसी आईबी ने लोला को पकड़ने के बाद सुशांत गोल्फ सिटी पुलिस के हवाले कर दिया। करीब एक साल से पुलिस को उसकी तलाश थी।
लोला की गिरफ्तारी की सूचना मिलते ही खुफिया एजेंसियों के कई अधिकारी थाने पहुंचे और उससे घंटों पूछताछ की। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ में विदेशी महिलाओं को Lucknow लाने और कथित रैकेट से जुड़े नेटवर्क के बारे में अहम जानकारी मिल सकती है।
विदेशी महिलाओं को ‘इंडियन लुक’ देने का आरोप
पुलिस के मुताबिक, लोला कथित तौर पर नेपाल और उजबेकिस्तान से महिलाओं को अवैध तरीके से लखनऊ लाती थी। इसके बाद गोमतीनगर (Gomtinagar) के पत्रकारपुरम स्थित मिनर्वा क्लीनिक के प्लास्टिक सर्जन डॉ. विवेक गुप्ता की मदद से उनकी प्लास्टिक सर्जरी कराई जाती थी। आरोप है कि महिलाओं का हुलिया भारतीय महिलाओं जैसा बनाने के बाद उन्हें पॉश इलाकों के फ्लैटों में रखा जाता था।
इस मामले का खुलासा जून 2025 में हुआ था। एफआरआरओ की टीम ने सुशांत गोल्फ सिटी के न्यू हजरतगंज (New Hazratganj) स्थित एक अपार्टमेंट में छापा मारकर दो विदेशी महिलाओं होलिडा और नीलोफर को पकड़ा था। दोनों के पास कथित तौर पर फर्जी दस्तावेज मिले थे और भारत में उनके अवैध रूप से रहने की पुष्टि हुई थी। इसके बाद लोला भूमिगत हो गई थी।
उजबेकिस्तान में भी जारी था लुकआउट नोटिस
जांच के दौरान पुलिस को डॉ. विवेक गुप्ता और लोला के कथित पति त्रिजिनराज उर्फ अर्जुन राणा के बारे में जानकारी मिली। पुलिस का आरोप है कि विवेक विदेशी महिलाओं की प्लास्टिक सर्जरी करता था। वहीं लोला पर उजबेकिस्तान (Uzbekistan) और नेपाल के नेटवर्क के जरिए महिलाओं को Lucknow लाने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार, लोला ने कथित तौर पर लखनऊ में अर्जुन राणा से शादी की थी। अर्जुन खुद को पत्रकार बताता था। जांच में यह भी सामने आया कि लोला के खिलाफ उजबेकिस्तान में लुकआउट नोटिस जारी था।
एसीपी गोसाईंगंज ऋषभ यादव के मुताबिक, लोला (Lola Kayumova) को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पूछताछ में कुछ अहम जानकारियां मिली हैं और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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