एआई वीडियो विवाद पर राघवेन्द्र प्रताप सिंह का अखिलेश यादव पर हमला, बोले- धर्मगुरु का अपमान पूरे हिंदू समाज का अपमान

Siddharthnagar News: समाजवादी पार्टी के लखनऊ कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से संबंधित एक कथित एआई-जनरेटेड वीडियो दिखाए जाने के मामले ने राजनीतिक तकरार बढ़ा दी है। इस मामले को लेकर प्रभारी हिन्दू युवा वाहिनी उत्तर प्रदेश एवं पूर्व विधायक डुमरियागंज राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला है। बुधवार को जारी अपने वीडियो बयान में उन्होंने कथित एआई वीडियो की कड़ी निंदा की।

राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने आरोप लगाया कि एआई तकनीक के जरिए गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ को फिल्मी गाने के साथ सिगरेट और गांजा पीते हुए दिखाया गया। उन्होंने इसे धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला कृत्य बताते हुए अखिलेश यादव की मानसिकता पर सवाल उठाए।

पूर्व विधायक ने कहा कि योगी आदित्यनाथ मुख्यमंत्री होने के साथ-साथ गोरक्षपीठाधीश्वर और नाथ संप्रदाय के प्रमुख भी हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पद पर कौन रहेगा और कौन नहीं, यह राजनीतिक विषय है, लेकिन गोरक्षपीठाधीश्वर के रूप में उनकी धार्मिक एवं आध्यात्मिक भूमिका अलग है।

उन्होंने कहा कि राजनीतिक विरोध अपनी जगह है, लेकिन किसी धार्मिक एवं आध्यात्मिक व्यक्तित्व को लेकर इस तरह की प्रस्तुति सामाजिक और धार्मिक मर्यादाओं के खिलाफ है। उनके मुताबिक, कथित वीडियो को लेकर वह स्वयं और हिंदू समाज आहत है।

सैफई महोत्सव का भी किया जिक्र

राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने अखिलेश यादव के राजनीतिक और सार्वजनिक व्यवहार पर भी सवाल उठाए। उन्होंने सैफई महोत्सव और पूर्व में मुलायम सिंह यादव के साथ मंच पर हुए कथित व्यवहार का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव पर संस्कार और बड़ों के सम्मान को लेकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद लोकतंत्र का हिस्सा हैं, लेकिन विरोध के दौरान भी सामाजिक मर्यादा और धार्मिक भावनाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।

2027 चुनाव को लेकर किया बड़ा दावा

पूर्व विधायक ने कथित एआई वीडियो को लेकर अखिलेश यादव के कृत्य की निंदा और भर्त्सना करते हुए उन्हें संस्कार सीखने की नसीहत दी। साथ ही उन्होंने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में भाजपा एक बार फिर भारी बहुमत से सरकार बनाएगी और योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश में सरकार का गठन होगा।

राघवेन्द्र प्रताप सिंह के इस बयान के बाद एआई वीडियो को लेकर चल रहा विवाद राजनीतिक रंग लेता दिखाई दे रहा है। अब इस मामले में समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव की ओर से क्या प्रतिक्रिया सामने आती है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।

रिपोर्ट- जाकिर खान

Also Read: लखनऊ में बारिश के बीच डिप्टी CM आवास पहुंचे अभ्यर्थी, 3284 पदों पर भर्ती की मांग

Get real time updates directly on you device, subscribe now.