Lucknow News: बंद घरों को निशाना बनाने वाला शातिर चोर गिरफ्तार, एक बाल अपचारी भी हिरासत में
Lucknow News: राजधानी के थाना सुशांत गोल्फ सिटी पुलिस टीम ने बंद घरों की रेकी कर चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले एक शातिर चोर को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही पुलिस ने मामले में संलिप्त एक बाल अपचारी (किशोर) को भी अपनी कस्टडी में लिया है। पकड़े गए आरोपियों के पास से चोरी का मोबाइल फोन, ब्लूटूथ इयरपॉड और नकदी बरामद की गई है।
यह कार्रवाई लखनऊ के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के दिशा-निर्देशन और थाना सुशांत गोल्फ सिटी के अतिरिक्त निरीक्षक विनोद कुमार पांडेय के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम द्वारा की गई।
सीसीटीवी खंगालने के बाद किसान पथ से हुई गिरफ्तारी
मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने बताया कि माढरमऊ निवासिनी उपमा सेन ने शिकायत दर्ज कराई थी कि चोरों ने उनके घर में घुसकर अलमारी व पर्स से करीब 9,000 रुपये और मोबाइल फोन चोरी कर लिया है। इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
घटना के अनावरण के लिए पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों का सहारा लिया और इलाके के करीब 50 से 60 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। कड़े प्रयासों के बाद मंगलवार, 7 जुलाई 2026 को पुलिस टीम ने अभियुक्तों को किसान पथ सर्विस रोड पर रेलवे लाइन के पास से घेराबंदी कर दबोच लिया।

रेकी के बाद गेट कूदकर उड़ाते थे माल
पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल करते हुए चोरी का तरीका (Modus Operandi) बताया। आरोपी अमन पेशे से ऑटो रिक्शा ड्राइवर है, जिससे उसे इलाकों की रेकी करने में आसानी होती थी। ये लोग दिन या रात में बंद पड़े घरों के आसपास घूमते थे। जैसे ही मकान मालिक घर बंद कर बाहर जाता, ये गेट कूदकर या ताला तोड़कर अंदर घुस जाते और कीमती सामान उड़ा देते थे। चोरी किए गए सामान को ये औने-पौने दामों में बेचकर अपना खर्च चलाते थे। इस वारदात में उनके एक अन्य साथी राज (निवासी सोनई) की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। आरोपी के पास से 1 अदद मोटोरोला मोबाइल (लाल रंग), 1 अदद ब्लूटूथ इयरपॉड और 900 रुपये नकद बरामद हुए हैं।
अमन (उम्र 19 वर्ष), पुत्र नटवरलाल, निवासी- माढरमऊ कला, थाना सुशांत गोल्फ सिटी, लखनऊ का रहने वाला है। आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास भी रहा है, उसके खिलाफ पहले भी केस दर्ज हैं। वही 13 वर्षीय बाल अपचारी को संरक्षण में लेकर किशोर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है। पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 331(3), 305(A) और 317(2) के तहत वैधानिक कार्रवाई कर उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।

