बांकीपुर उपचुनाव: वोटिंग शुरू, PK की पहली चुनावी अग्निपरीक्षा, BJP के गढ़ में नीरज सिन्हा से टक्कर
Bankipur Bypoll: बिहार की सबसे चर्चित बांकीपुर विधानसभा सीट पर गुरुवार सुबह 7 बजे से मतदान शुरू हो गया। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल कर रहे हैं।
चुनाव आयोग के अनुसार मतदान शांतिपूर्ण ढंग से जारी है और दिनभर वोटिंग का प्रतिशत लगातार बढ़ने की उम्मीद है। करीब 3.80 लाख मतदाता इस हाई-प्रोफाइल उपचुनाव में अपने वोट से फैसला करेंगे।
इस उपचुनाव (Bankipur Bypoll) पर पूरे बिहार की नजर इसलिए भी टिकी है क्योंकि जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर पहली बार खुद चुनाव लड़ रहे हैं। दूसरी ओर भारतीय जनता पार्टी (BJP) अपने लंबे समय से चले आ रहे गढ़ को बचाने के लिए मैदान में है, जहां उसका मुकाबला नीरज सिन्हा के नेतृत्व में हो रहा है। इस सीट पर कुल 26 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं, जबकि मतगणना 3 अगस्त को होगी।
प्रशांत किशोर की एंट्री से मुकाबला दिलचस्प
बांकीपुर विधानसभा सीट लंबे समय से बीजेपी का मजबूत गढ़ मानी जाती रही है। ऐसे में चुनावी रणनीतिकार से नेता बने प्रशांत किशोर की एंट्री ने इस उपचुनाव को राज्य की सबसे चर्चित राजनीतिक लड़ाइयों में शामिल कर दिया है।
भारत निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, विधानसभा क्षेत्र के सभी 422 मतदान केंद्र शहरी इलाके में स्थित हैं। राजनीतिक दलों ने मतदान के लिए व्यापक तैयारी की है और सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी रखी गई है।
मतदान से पहले पुलिस कार्रवाई पर PK का आरोप
वोटिंग (Bankipur Bypoll) शुरू होने से कुछ घंटे पहले ही चुनावी माहौल उस समय गरमा गया, जब प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया कि उनके कई समर्थकों को बिहार पुलिस ने हिरासत में लिया है। गुरुवार तड़के पटना के जक्कनपुर थाने के बाहर मीडिया से बातचीत में उन्होंने दावा किया कि यह कार्रवाई कथित तौर पर बीजेपी के दबाव में की गई है।
प्रशांत किशोर ने कहा कि वह कई घंटों तक थाने में मौजूद रहे, लेकिन पुलिस उनके समर्थकों के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं दे सकी। उनका आरोप था कि 16 से अधिक कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया, जबकि पुलिस उनके ठिकाने की जानकारी देने से बचती रही। उन्होंने कहा कि बीजेपी हार के डर से प्रशासन का दुरुपयोग कर रही है।
दरअसल, मतदान से ठीक पहले बुधवार देर रात जक्कनपुर थाना परिसर में हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला था। प्रशांत किशोर अपने समर्थकों के साथ थाने पहुंच गए और थाना प्रभारी से कथित हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं के बारे में जवाब मांगा। इस घटनाक्रम के बाद चुनावी माहौल और ज्यादा गर्म हो गया।
अब सभी की निगाहें मतदान प्रतिशत और 3 अगस्त को आने वाले नतीजों पर टिकी हैं। यह चुनाव (Bankipur Bypoll) सिर्फ बांकीपुर सीट का नहीं, बल्कि प्रशांत किशोर के सक्रिय चुनावी राजनीति में भविष्य और बीजेपी के पारंपरिक गढ़ की मजबूती की भी बड़ी परीक्षा माना जा रहा है।
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