सपा ने चंदा चोरी और आरक्षण के जरिए साधा बीजेपी पर निशाना, पोस्टर पर उकेरे गए भविष्य के सियासी दावे
Lucknow News: उत्तर प्रदेश के सियासी गलियारों में जुबानी तल्खी के बाद अब पोस्टर वॉर का दौर शुरू हो चुका है। राजधानी लखनऊ के विक्रमादित्य मार्ग स्थित सपा दफ्तर के बाहर लगे नए पोस्टरों ने प्रदेश की राजनीति का पारा अचानक चढ़ा दिया है। सपा ने इन पोस्टरों के जरिए सीधे तौर पर सत्तारूढ़ दल को भ्रष्टाचार और सामाजिक न्याय के मुद्दे पर घेरने की कोशिश की है।
सपा दफ्तर के बाहर लहराते होर्डिंग्स पर चंदा चोरी और आरक्षण को लेकर तीखे कटाक्ष किए गए हैं। एक पोस्टर पर लिखा गया है- चंदा चोरी से चला जिनका घर, अब आरक्षण पर कर रहे हैं प्रश्न। वहीं पास में लगे दूसरे पोस्टर में और कड़ा हमला बोलते हुए लिखा गया- चंदा चोरी से जिनका नहीं भरा मन, अब आरक्षण पर कर रहे हैं मनमाना।
पीडीए फॉर्मूले से सत्ता पक्ष को घेरने की रणनीति
साफ है कि अपने पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) फॉर्मूले को मजबूत कर रही सपा ने अब आरक्षण के अधिकार को चंदे के आरोपों से जोड़कर सत्ता पक्ष की दुखती रग पर हाथ रख दिया है। इन नारों के जरिए सपा कार्यकर्ता सड़क से लेकर सोशल मीडिया तक माहौल बनाने में जुटे हैं।
लखनऊ, उत्तर प्रदेश: समाजवादी पार्टी कार्यालय के बाहर कई पोस्टर लगाए गए हैं। एक पोस्टर पर लिखा है, "चंदा चोरी से चला जिनका घर, अब आरक्षण पर कर रहे हैं प्रश्न।" वहीं दूसरे पोस्टर पर संदेश है, "चंदा चोरी से जिनका नहीं भरा मन, अब आरक्षण पर कर रहे हैं मनमाना।" एक अन्य पोस्टर में… pic.twitter.com/L0DuVpEHlE
— IANS Hindi (@IANSKhabar) July 31, 2026
अखिलेश-डिंपल की तस्वीरों के साथ भावी चुनावी दावे
इन पोस्टरों में सिर्फ आरोप ही नहीं, बल्कि भविष्य की राजनीति की झलक भी देखने को मिल रही है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव और सांसद डिंपल यादव के चित्रों से सजे एक अन्य पोस्टर पर नारा दिया गया है- 27 में अखिलेश का राज, 29 में डिंपल यादव का ताज।
प्रतापगढ़ के सपा नेता ने लगवाए होर्डिंग्स
राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बने ये सभी पोस्टर और होर्डिंग्स प्रतापगढ़ के सपा नेता व ‘समाजवादी सेवक’ हल्लू राम सुंदर यादव की तरफ से लगाए गए हैं, जो पार्टी दफ्तर के बाहर आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। गौरतलब है कि सपा मुख्यालय के बाहर इस तरह का सियासी संदेश नया नहीं है। इससे पहले भी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के वक्त छात्रों के आंदोलन की जीत का दावा करते हुए एक बड़ा धन्यवाद पोस्टर लगाया गया था, जिसमें युवाओं और छात्रों के हक की लड़ाई आगे भी जारी रखने का संकल्प दोहराया गया था।
Also Read: फुटबॉल जगत को बड़ा झटका, वर्ल्ड कप विजेता फ्रेंको बारेसी का निधन, एसी मिलान ने दी श्रद्धांजलि

