सपा प्रबुद्धजन सम्मेलन में बोले अखिलेश यादव, PDA में पंडित और पीड़ित दोनों शामिल
Lucknow News: समाजवादी पार्टी के संस्थापक सदस्य और प्रखर समाजवादी विचारक स्व. जनेश्वर मिश्र (छोटे लोहिया) की जयंती के अवसर पर लखनऊ स्थित सपा मुख्यालय में भव्य प्रबुद्धजन सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में प्रदेशभर से आए ब्राह्मण समाज के प्रमुख नेताओं और पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद से विरोधी दल पीडीए (PDA) से घबराए हुए हैं और इसकी मनगढ़ंत परिभाषाएं गढ़ रहे हैं। अखिलेश यादव ने स्पष्ट किया कि PDA के व्यापक दायरे में ‘पंडित’ से लेकर हर वर्ग का ‘पीड़ित’ व्यक्ति पूरी तरह साथ खड़ा है।
श्रीकृष्ण और सुदामा की पौराणिक मित्रता का उल्लेख करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि यह मित्रता हजारों साल पुरानी है और दुनिया में निस्वार्थ दोस्ती का इससे बड़ा कोई उदाहरण नहीं है। उन्होंने मंच से प्रबुद्ध समाज को भरोसा दिलाया कि आने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में पार्टी से कोई चूक नहीं होगी और सत्ता में आने पर ब्राह्मण समाज को पूरा हक, राजनीतिक भागीदारी और सम्मान दिया जाएगा। जो साथी चुनाव नहीं लड़ पाएंगे, उन्हें सरकारी ट्रस्टों और आयोगों में सम्मानजनक जगह दी जाएगी।
"जबसे PDA से वो लोग हारे हैं तबसे PDA की नई परिभाषा बना रहे हैं, PDA में पीड़ित पंडित भी है।"
– माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव जी pic.twitter.com/4NH83eUtsw
— Samajwadi Party (@samajwadiparty) August 5, 2026
मुख्यमंत्री को न Gen Z पता है, न Gen Alpha
सम्मेलन में बोलते हुए सपा अध्यक्ष ने शंकराचार्य विवाद पर प्रदेश सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि इतिहास में ऐसा कभी नहीं हुआ कि किसी सरकार ने पूज्य शंकराचार्य जी को त्रिवेणी संगम में स्नान करने से रोका हो या बटुकों का अपमान किया हो। उन्होंने आरोप लगाया कि शंकराचार्य जी को डराने के लिए उन पर पाक्सो एक्ट तक दर्ज कराया गया, लेकिन वे धर्म और सत्य के पथ से पीछे नहीं हटे। मुख्यमंत्री पर तंज कसते हुए अखिलेश ने कहा कि राज्य के मुखिया तकनीक और नई पीढ़ी से कटे हुए हैं; वे न तो ‘Gen Z’ को समझ पाते हैं और न ‘Gen Alpha’ को।
इससे पूर्व, सुबह लगभग 11:30 बजे अखिलेश यादव ने जनेश्वर मिश्र पार्क पहुँचकर उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की और श्रद्धांजलि दी। पार्क परिसर में मौजूद समर्थकों व कार्यकर्ताओं में पूर्व मुख्यमंत्री से मिलने की जबरदस्त होड़ मच गई। इस दौरान भारी भीड़ और धक्का-मुक्की के कारण अखिलेश यादव को हल्का धक्का भी लगा, जिसके बाद सुरक्षाकर्मियों ने मशक्कत कर भीड़ को नियंत्रित किया और उन्हें प्रतिमा स्थल तक सुरक्षित पहुँचाया।
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