राहुल गांधी की ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ रैली पर सख्त शर्तें, शाम 5 बजे तक खत्म करना होगा कार्यक्रम

Rahul Gandhi: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और विपक्षी ‘इंडिया’ गठबंधन की ओर से   2026 को दिल्ली के रामलीला मैदान में ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ महारैली आयोजित की जाएगी। दिल्ली पुलिस ने इस कार्यक्रम के लिए शर्तों के साथ अनुमति दी है। आयोजकों को रैली के दौरान सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और कानून-व्यवस्था से जुड़े कई नियमों का पालन करना होगा।

पुलिस की शर्तों के मुताबिक, रैली को हर हाल में शाम 5 बजे तक समाप्त करना होगा। इसके बाद मैदान से लोगों को वापस भेजने की प्रक्रिया शुरू करनी होगी। कार्यक्रम का समय किसी भी स्थिति में बढ़ाने की अनुमति नहीं होगी।

CCTV निगरानी से लेकर पानी और टॉयलेट तक के इंतजाम जरूरी

रैली से पहले या बाद में किसी भी प्रतिभागी को रामलीला मैदान में रात बिताने की अनुमति नहीं होगी। मैदान के प्रवेश और निकास द्वार, मंच, बैठने की जगहों और आसपास के इलाकों में हाई डेफिनिशन CCTV कैमरे लगाने होंगे। इन कैमरों की रिकॉर्डिंग की व्यवस्था भी करनी होगी। इसके अलावा कम से कम पांच मॉनिटर वाला कंट्रोल रूम बनाना जरूरी होगा।

आयोजकों को रैली में आने वाले लोगों के लिए पर्याप्त पानी के टैंकर और टॉयलेट की व्यवस्था करनी होगी। महिलाओं के लिए अलग टॉयलेट ब्लॉक बनाने होंगे। भीड़ को व्यवस्थित रखने के लिए पर्याप्त संख्या में वॉलंटियर्स तैनात करने होंगे। उनकी पहचान एक जैसी ड्रेस या बैज से होनी चाहिए।

पुलिस ने आयोजकों को बसों, कारों, टेम्पो और अन्य वाहनों की पार्किंग के लिए ट्रैफिक पुलिस की ओर से तय स्थानों का इस्तेमाल करने का निर्देश दिया है। आयोजकों को आमंत्रित लोगों और वॉलंटियर्स की सूची, मिनट-दर-मिनट कार्यक्रम, बसों की संख्या और उनके रजिस्ट्रेशन नंबर भी पुलिस को देने होंगे।

भड़काऊ भाषण पर माइक करना होगा बंद

दिल्ली पुलिस की शर्तों के अनुसार, रैली शांतिपूर्ण तरीके से आयोजित करनी होगी। किसी भी तरह की हिंसा, हंगामा या कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाली गतिविधि की अनुमति नहीं होगी। मंच से ऐसा कोई भाषण नहीं दिया जा सकेगा, जिससे जाति, धर्म या रंग के आधार पर तनाव पैदा हो अथवा सामाजिक सौहार्द बिगड़े।

यदि कोई वक्ता भड़काऊ या धमकी भरा भाषण देता है, तो आयोजकों को तुरंत उसका माइक बंद करना होगा और उसे मंच से हटाना होगा। रैली के दौरान रामलीला मैदान से किसी अन्य स्थान की ओर मार्च निकालने की भी अनुमति नहीं होगी।

आयोजकों को दिल्ली पुलिस के साथ पूरा सहयोग करना होगा। उन्हें सभी लागू कानूनों और नियमों का पालन करने के साथ भीड़ को नियंत्रित रखने और सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने के जरूरी इंतजाम करने होंगे।

पुलिस की शर्तों का उल्लंघन होने पर आयोजकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। ऐसे में रैली के आयोजन से पहले सुरक्षा, यातायात, भीड़ प्रबंधन और कार्यक्रम की जानकारी से जुड़े सभी इंतजाम पूरे करना आयोजकों की जिम्मेदारी होगी।

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