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संपादकीय

संपादक की कलम से: जल संरक्षण की अनिवार्यता

तेजी से बढ़ती जनसंख्या ने देश में पानी की मांग भी बढ़ा दी है। अधिकांश आबादी पेय जल के लिए भूगर्भ जल पर निर्भर है। इसके अलावा विकास…

संपादक की कलम से: महंगाई के आंकड़े और हकीकत

केंद्र सरकार के वाणिज्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक देश में महंगाई तेजी से घट रही है। सवाल यह है कि महंगाई में आई गिरावट का असर…

संपादक की कलम से: क्षेत्रीय दलों के प्रति उमड़ता प्रेम

लोकसभा चुनाव 2024 में फतह हासिल करने के लिए सियासी दलों ने कवायद तेज कर दी है। एक ओर जहां कर्नाटक फतह से उत्साहित कांग्रेस विपक्षी…

संपादक की कलम से: बाघों की सुरक्षा और लापरवाह तंत्र

यूपी के दुधवा नेशनल पार्क में पचास दिनों के भीतर चार बाघों की मौत ने इस वन्य पशु की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

संपादक की कलम से: मानसून के भरोसे महंगाई

महंगाई में वृद्धि का बड़ा कारण बढ़ती बेरोजगारी है। इससे लोगों की क्रय शक्ति घटी है। लिहाजा बाजार में पूंजी का प्रवाह पर्याप्त गति…

संपादक की कलम से: कोर्ट की सुरक्षा दरकिनार क्यों?

लखनऊ के एससी-एसटी कोर्ट में कुख्यात संजीव माहेश्वरी उर्फ जीवा की हत्या ने एक बार फिर उत्तर प्रदेश की अदालतों और पुलिस अभिरक्षा में…