‘रामभक्तों पर गोलियां चलाने वाले आज संतों को बदनाम कर रहे’, विपक्ष पर CM Yogi का तीखा हमला
Cm Yogi In Up Assembly: उत्तर प्रदेश विधानसभा और अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि मंदिर (Ram Janmabhoomi Temple) के चढ़ावा मामले को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने समाजवादी पार्टी (SP) और कांग्रेस (Congress) पर तीखा हमला बोला।
उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने कभी रामभक्तों पर गोलियां चलवाईं और भगवान श्रीराम व श्रीकृष्ण के अस्तित्व पर सवाल उठाए, वही आज अयोध्या और सनातन की बात कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि अब तक की जांच में किसी भी साधु-संत की संलिप्तता सामने नहीं आई है, लेकिन विपक्ष तथ्यों को तोड़-मरोड़कर धार्मिक आस्था को बदनाम करने की कोशिश कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने विधानसभा भवन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि विपक्ष सदन में नियमों का उल्लंघन कर जनहित के मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्लेकार्ड लहराने, कार्यवाही बाधित करने और संवैधानिक संस्थाओं का अपमान करना समाजवादी पार्टी की राजनीति का हिस्सा बन गया है।
चढ़ावा मामले पर क्या बोले CM Yogi?
योगी आदित्यनाथ ने बताया कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट (Shri Ram Janmbhoomi Teerth Kshetra Trust) ने खुद 12 जून को राज्य सरकार से निष्पक्ष जांच की मांग की थी। इसके बाद सरकार ने 13 जून को विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया। एसआईटी ने 23 जून को अपनी पहली अंतरिम रिपोर्ट सौंपी और 25 जून को एफआईआर दर्ज होने के बाद कार्रवाई करते हुए आठ लोगों को गिरफ्तार किया।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए लोगों में छह पर चढ़ावे की धनराशि में अनियमितता और दो अन्य पर जिम्मेदारी निभाने में लापरवाही के आरोप हैं। उन्होंने कहा कि बाद में सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने भी मामले को अपनी निगरानी में आगे बढ़ाने का निर्णय लिया।
किसी साधु-संत की भूमिका नहीं मिली: CM Yogi
मुख्यमंत्री ने कहा कि एसआईटी की शुरुआती जांच में किसी भी साधु-संत की संलिप्तता सामने नहीं आई है। उन्होंने बताया कि राम मंदिर परिसर में 1100 से अधिक कर्मचारी सेवाएं दे रहे हैं और करोड़ों श्रद्धालुओं की व्यवस्था संभाल रहे हैं। ऐसे में कुछ कर्मचारियों की कथित भूमिका के आधार पर पूरे मंदिर, अयोध्या धाम और संत समाज को कटघरे में खड़ा करना गलत और दुर्भाग्यपूर्ण है।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस का इतिहास भगवान श्रीराम और राम मंदिर आंदोलन के विरोध से जुड़ा रहा है। उन्होंने 1990 की अयोध्या घटना का जिक्र करते हुए कहा कि रामभक्तों पर गोलियां चलाने की घटना देश कभी नहीं भूल सकता। साथ ही कांग्रेस पर रामसेतु मामले में सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हलफनामे के जरिए भगवान श्रीराम और श्रीकृष्ण के अस्तित्व पर सवाल उठाने का आरोप भी दोहराया।
CM Yogi ने कहा कि विपक्ष को धार्मिक आस्था और संत समाज पर आरोप लगाने के बजाय जांच पूरी होने का इंतजार करना चाहिए। सरकार पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने के लिए प्रतिबद्ध है और दोषी पाए जाने वालों पर कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
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