लखनऊ में प्रॉपर्टी डीलर की हत्या के लिए 40 लाख की सुपारी, ड्राइवर ने बताए 5 और नाम
Lucknow News: लखनऊ में महाराणा प्रताप चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष और प्रॉपर्टी डीलर धीरेंद्र प्रताप सिंह (45) की अपहरण के बाद हत्या के मामले में पुलिस की जांच आगे बढ़ रही है। पूछताछ में सामने आया है कि हत्या के लिए ड्राइवर रवि तिवारी को अब तक 3 लाख रुपये दिए गए थे। इसमें 2 लाख रुपये असलहा दिलाने के लिए और 1 लाख रुपये अलग से दिए गए थे।
पुलिस के मुताबिक, हत्या के बदले रवि को 40 लाख रुपये या बांगरमऊ में दो दुकानें और 10 लाख रुपये देने का सौदा तय हुआ था। रवि ने अपने साथी ओमकार को भी साजिश में शामिल किया था। पुलिस ने दोनों से पूछताछ के आधार पर 5 अन्य लोगों को चिह्नित किया है।
STF समेत पांच टीमें कर रहीं जांच
वारदात में इस्तेमाल हथियार अमीनाबाद से दिलाए जाने की बात सामने आई है। पुलिस ने संदिग्धों की तलाश के लिए पांच टीमें लगाई हैं। STF भी जांच में शामिल है और उन्नाव में जानकारी जुटा रही है। रवि ने मोनू सिंह का नाम लिया था, लेकिन CCTV में वह घटनास्थल पर नहीं दिखा। पुलिस अब उसके नाम का जिक्र किए जाने की वजह तलाश रही है।
पोस्टमॉर्टम में धीरेंद्र को दो गोलियां लगने की पुष्टि हुई है। एक गोली सिर और दूसरी सीने में लगी थी। पुलिस ने विसरा सुरक्षित कराया है। रवि के पास से 20 हजार रुपये और धीरेंद्र की SUV बरामद हुई है।
जमीन विवाद से जुड़ रही हत्या की कड़ी
जांच में बांगरमऊ की सरकारी जमीन पर कब्जे की शिकायत से जुड़ा विवाद भी सामने आया है। पुलिस भूमाफिया और कुछ सफेदपोश लोगों की भूमिका की पड़ताल कर रही है। धीरेंद्र ने कब्जों की शिकायत प्रशासन से की थी।
रवि को कोर्ट में पेश कर जेल भेजा जा चुका है। पुलिस ने उसकी कस्टडी रिमांड के लिए अर्जी दी है। रिमांड में हथियार, सुपारी देने वालों और अन्य साजिशकर्ताओं के बारे में पूछताछ होगी। DCP दक्षिणी मोहम्मद मुश्ताक के मुताबिक, शूटरों समेत 4-5 अन्य लोगों की जानकारी मिली है और उनकी तलाश जारी है।

