हज़रतगंज, समता मूलक और गोमती नगर में दिखेगा लाइव AQI, डॉ. रवींद्र प्रताप सिंह ने किया डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड्स का शुभारंभ
Lucknow News: उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. रवींद्र प्रताप सिंह ने राजधानी लखनऊ में वायु गुणवत्ता सूचकांक के संतोषजनक आंकड़ों पर खुशी जताई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर की हवा की गुणवत्ता को बेहतर बनाए रखने के लिए बोर्ड हर संभव कदम उठाएगा। इस दिशा में तकनीकी पारदर्शिता और जनजागरूकता बढ़ाने के लिए राजधानी के प्रमुख चौराहों पर डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड स्थापित किए गए हैं।
हज़रतगंज सहित प्रमुख चौराहों पर लगे डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड
शुक्रवार को लखनऊ के व्यस्ततम हज़रतगंज चौराहे पर डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड का आधिकारिक शुभारंभ करते हुए डॉ. सिंह ने पत्रकारों से वार्ता की। उन्होंने बताया कि हज़रतगंज के साथ-साथ समता मूलक चौराहे और गोमती नगर में भी ये हाईटेक डिस्प्ले बोर्ड चालू कर दिए गए हैं। इन बोर्ड्स के जरिए आम जनता को लाइव AQI के आंकड़े और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियाँ रियल-टाइम में देखने को मिलेंगी।
वाराणसी में भी लगे डिस्प्ले बोर्ड
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष ने जानकारी दी कि लखनऊ के अलावा धार्मिक व सांस्कृतिक नगरी वाराणसी में भी दो प्रमुख स्थानों पर ऐसे डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड लगाए गए हैं। आगामी सर्दियों के मौसम का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि जाड़े के दिनों में होने वाली स्मॉग की गंभीर समस्या से निपटने के लिए बोर्ड ने अभी से कार्ययोजना तैयार कर ली है और इसके लिए कड़े व प्रभावी कदम उठाए जाएंगे।
विभिन्न एजेंसियों के समन्वय से चलेगा व्यापक अभियान
डॉ. रवींद्र प्रताप सिंह ने कहा कि बोर्ड केवल वायु प्रदूषण ही नहीं, बल्कि हर प्रकार के प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए जल्द ही एक बड़ा और व्यापक जागरूकता अभियान शुरू करने जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड लगातार विभिन्न नगरीय निकायों, विकास प्राधिकरणों और औद्योगिक इकाइयों के संपर्क में रहकर समन्वित रणनीति के तहत काम कर रहा है।
कार्यक्रम के अंत में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष ने प्रदेश के नागरिकों से वायु प्रदूषण नियंत्रण में सक्रिय सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि पर्यावरण को स्वच्छ और सुरक्षित बनाने का लक्ष्य सिर्फ सरकारी प्रयासों से हासिल नहीं हो सकता, इसके लिए हर नागरिक की भागीदारी बेहद जरूरी है। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
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