ममता बनर्जी को एक और बड़ा झटका, बेहद करीबी अनुब्रत मंडल के बागी गुट में जाने की चर्चा तेज
Mamata Banerjee: पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के करीबी माने जाने वाले बीरभूम के नेता अनुब्रत मंडल के रितब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी गुट में शामिल होने की अटकलें तेज हैं। शुक्रवार को बागी गुट के नेताओं ने ऐसे संकेत दिए, जिससे राज्य की सियासत में नई चर्चा शुरू हो गई।
रितब्रत बनर्जी ने ईएम बाईपास स्थित एक निजी होटल में आयोजित राष्ट्रीय कार्य समिति की बैठक के दौरान दावा किया कि 4 मई से अब तक उनकी अनुब्रत मंडल से करीब 30 बार बातचीत हो चुकी है। वहीं बागी विधायक अक्रूज्जमान ने कहा, “बस एक दिन और इंतजार कीजिए, सब कुछ साफ हो जाएगा।” हालांकि अनुब्रत मंडल ने इस मुद्दे पर कोई प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया।
शनिवार को मिल सकती है बड़ी जिम्मेदारी
सूत्रों के मुताबिक, अनुब्रत मंडल शनिवार को आधिकारिक तौर पर बागी गुट में शामिल हो सकते हैं। उन्हें बीरभूम का जिला अध्यक्ष बनाए जाने की भी चर्चा है। उल्लेखनीय है कि कथित गो-तस्करी मामले में 25 महीने जेल में रहने के बाद उन्हें सितंबर 2024 में जमानत मिली थी।
बागी गुट ने किए कई बड़े संगठनात्मक फैसले
बैठक में बागी गुट ने कई नई नियुक्तियों का भी ऐलान किया। पूर्व विधायक बिप्लब मित्रा को प्रदेश अध्यक्ष, जावेद खान को कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष, पूर्व मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य को राष्ट्रीय कार्य समिति का उपाध्यक्ष, सौरव को युवा इकाई का कार्यकारी अध्यक्ष और स्नेहाशीष चक्रवर्ती को राष्ट्रीय महासचिव बनाया गया।
रितब्रत बनर्जी ने कहा कि उनके गुट में सभी फैसले सामूहिक रूप से लिए जाते हैं और “हम व्यक्ति पूजा के खिलाफ हैं।” वहीं बागी गुट पार्टी के नाम और चुनाव चिह्न पर भी दावा करने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए चुनाव आयोग को भेजे जाने वाले जवाब का मसौदा तैयार किया जा रहा है।

