तिब्बत में फिर आया 5.0 तीव्रता का भूकंप, नेपाल में तबाही के बीच बढ़ी चिंता
Tibet Earthquake: तिब्बत में गुरुवार को एक बार फिर भूकंप के झटके महसूस किए गए। जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज (GFZ) के अनुसार, भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 5.0 रही। इसका केंद्र जमीन से करीब 10 किलोमीटर नीचे था। फिलहाल भूकंप से किसी तरह के नुकसान की सूचना सामने नहीं आई है।
यह भूकंप ऐसे समय आया है जब तिब्बत और नेपाल पिछले सप्ताह आई प्राकृतिक आपदा के असर से जूझ रहे हैं। रिपोर्ट्स में नेपाल में हुई भीषण बाढ़ के पीछे भूकंप को भी एक वजह बताया गया था।
1268 मौतें, 2000 से ज्यादा लापता
अब तक 1,268 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 2,000 से ज्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं। कुछ रिपोर्ट्स में लापता लोगों की संख्या 4,200 से अधिक होने का दावा किया गया है। बाढ़ और भूकंप से सीमा के दोनों ओर बड़े पैमाने पर तबाही हुई है। नेपाल में इसका असर ज्यादा बताया जा रहा है।
ग्यिरोंग बॉर्डर क्रॉसिंग फिर खुली
नेपाल और तिब्बत में लगातार राहत और बचाव अभियान चल रहा है। चीन की ओर से मीडिया कवरेज पर रोक के कारण तिब्बत से जानकारी सीमित रूप से सामने आ रही है। इस बीच तबाह हुए नेपाल-तिब्बत बॉर्डर की ग्यिरोंग क्रॉसिंग को फिर से खोल दिया गया है। इससे राहत कार्य के लिए भारी मशीनरी पहुंचाने में मदद मिल रही है।
राहत कार्य में भारत, चीन और नेपाल समेत अन्य देशों के विशेषज्ञ भी जुटे हैं। मलबा बड़े स्तर पर जमा होने के कारण उसे हटाने में कई महीने लगने की आशंका जताई जा रही है। बचाव अभियान की प्रगति से कई लोगों की जान बचाई गई है, लेकिन हजारों लोगों की तलाश अभी जारी है।

