डीजल चोरों ने लूटी अपने ही गैंग की गाड़ी, बोले – “साहब, धोखा अपने ही दे गए”
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश के हरदोई में चोरी की दुनिया का एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसे सुनकर आप भी सोच में पड़ जाएंगे। यहां पुलिस ने डीजल चोरी करने वाले पांच शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। लेकिन twist तब आया जब खुलासा हुआ कि ये चोर अपने ही गैंग के सदस्यों की गाड़ी और माल लूट ले गए थे।
पुलिस की पूछताछ में चोरों ने जो कहानी बताई, उसने सबको हैरान कर दिया। आरोपियों ने कहा,
“साहब, हम तो चोरी करने निकले थे, लेकिन अपने ही लोगों ने हमसे गाड़ी और डीजल लूट लिया।”
मतलब साफ है – अब चोरी की दुनिया में भी भरोसा नहीं रहा!
एक गैंग, दो गुट और आपसी लूट
पुलिस के अनुसार, ये पांचों आरोपी अलग-अलग वारदातों को अंजाम देने वाले एक ही गिरोह के सदस्य हैं, लेकिन अब इनके बीच आपसी रंजिश और हिस्सेदारी को लेकर दरार आ गई थी। हाल ही में जब एक टीम चोरी के बाद इनोवा गाड़ी से लौट रही थी, तो दूसरे गुट से उनका आमना-सामना हो गया। दूसरे ग्रुप ने उन्हें पुलिस समझकर गाड़ी छोड़ भागने पर मजबूर किया और मौका देखकर उसी गाड़ी को लूटकर फरार हो गए।
पुलिस को क्या क्या हुआ बरामद?
हरदोई पुलिस ने इन आरोपियों के पास से बरामद किया:
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2360 लीटर डीजल
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चार लग्जरी गाड़ियां और एक बाइक
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तीन तमंचे, चार कारतूस
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₹1.10 लाख नकद
गिरफ्तार आरोपियों में हिस्ट्रीशीटर इशरत अली और इस गैंग का मेंटर अशरफ अली भी शामिल हैं, जो चार पहिया वाहन उपलब्ध कराता था और चोरी हुआ डीजल खरीद कर आगे बेचता था।
कैसे करते थे चोरी की प्लानिंग?
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रात के समय ये लोग हरदोई, सीतापुर और आसपास के इलाकों में घूमते थे।
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सड़क किनारे खड़े ट्रकों की डीजल टंकी का लॉक तोड़ते और डीजल निकाल लेते।
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डीजल को 50 रुपये लीटर में अशरफ अली को बेचते, जो फिर उसे 90 रुपये लीटर में किसानों और ट्रैक्टर मालिकों को बेचता।
यह गैंग करीब ढाई साल से लगातार इस काम में सक्रिय था, और इन पर कई थानों में मामले भी दर्ज हैं।
SP बोले – अब पूरा गैंग होगा सलाखों के पीछे
हरदोई के पुलिस अधीक्षक नीरज जादौन ने बताया कि,
“गिरफ्तारी के बाद खुलासा हुआ है कि यह गैंग सुनियोजित तरीके से डीजल चोरी करता था। अब इनकी पूरी चेन को ट्रेस किया जा रहा है।”
सबक की बात – जब चोर ही चोर को लूटे…
यह मामला सिर्फ एक चोरी की वारदात नहीं, बल्कि अपराध की दुनिया में टूटते भरोसे की कहानी है। जब एक ही गैंग के लोग एक-दूसरे को लूटने लगे, तो साफ है कि अपराध का रास्ता चाहे कितना भी प्लानिंग से भरा हो, अंजाम हमेशा बुरा ही होता है।
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