यूपी कैबिनेट की बड़ी बैठक आज: 8 लाख शिक्षकों को मिल सकता है ‘कैशलेस इलाज’ का तोहफा, इन अहम प्रस्तावों पर भी लगेगी मुहर
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश के लाखों शिक्षकों के लिए आज का दिन खुशियों भरा हो सकता है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में आज लोकभवन में कैबिनेट की एक महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है। इस बैठक का सबसे बड़ा एजेंडा शिक्षकों को राज्य कर्मचारियों की तरह ‘कैशलेस चिकित्सा’ (बिना पैसे दिए इलाज) की सुविधा देना है।
8 लाख से ज्यादा परिवारों को सीधा फायदा
मुख्यमंत्री ने पिछले साल शिक्षक दिवस (5 सितंबर) के मौके पर यह वादा किया था, जिसे आज अमलीजामा पहनाया जा सकता है।
किसे मिलेगा लाभ?
इस योजना के दायरे में प्रदेश के प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक और स्कूलों में काम करने वाले रसोइये शामिल होंगे।
कैसी होगी सुविधा?
इसे केंद्र की ‘आयुष्मान योजना’ की तर्ज पर लागू करने की तैयारी है। इसके तहत गंभीर बीमारी की स्थिति में शिक्षक और उनके आश्रितों को निजी या सरकारी अस्पतालों में बिना जेब से पैसे दिए इलाज मिल सकेगा।
लखीमपुर के पीड़ितों के लिए ‘घर’ का प्रस्ताव
बैठक में केवल शिक्षकों के लिए ही नहीं, बल्कि आम जनता से जुड़े अन्य मानवीय मुद्दों पर भी चर्चा होगी।
लखीमपुर खीरी में पिछले दिनों हुए नाव हादसे से प्रभावित ग्रामीणों को सरकार घर देने के प्रस्ताव को मंजूरी दे सकती है।
आवास विभाग की ‘उप्र शहरी पुनर्विकास नीति-2026’ पर भी मुहर लगने की संभावना है, जिससे पुराने शहरों के बुनियादी ढांचे को सुधारने में मदद मिलेगी।
विकास शुल्क (Development Charges) लेने और उनके संग्रह की नई नियमावली को भी हरी झंडी दी जा सकती है।
शिक्षकों को लंबे समय से इस सुविधा का इंतजार था। सरकारी कर्मचारी तो पहले से ही इस सुविधा का लाभ उठा रहे थे, लेकिन शिक्षकों को इससे दूर रखा गया था। कैबिनेट की इस मंजूरी के बाद यह उत्तर प्रदेश के शिक्षा जगत के लिए अब तक का सबसे बड़ा कल्याणकारी कदम माना जा रहा है।

