स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का योगी सरकार को अल्टीमेटम, बोले- 40 दिन में गाय को राज्यमाता घोषित करें

Varanasi News: ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सामने दो बड़ी शर्तें रखी हैं। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने 40 दिनों के भीतर उनकी मांगें नहीं मानीं, तो 10-11 मार्च को लखनऊ में होने वाले संत समागम में वे मुख्यमंत्री को नकली हिंदू घोषित कर देंगे। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने स्पष्ट शब्दों में अपनी मांगें रखीं।

गाय को राज्यमाता का दर्जा: यूपी सरकार तत्काल प्रभाव से गाय को राज्यमाता घोषित करे।

मांस निर्यात पर पूर्ण प्रतिबंध: उत्तर प्रदेश से होने वाले हर तरह के गोमांस (Bovine Meat) और मांस के निर्यात पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।

यूपी बना है मांस निर्यात का केंद्र, हो रही है बड़ी साजिश

शंकराचार्य ने दावा किया कि देश के कुल मांस निर्यात में यूपी की हिस्सेदारी 40% से ज्यादा है। उन्होंने आरोप लगाया कि भैंस के मांस की आड़ में एक बड़ा षड्यंत्र चल रहा है। डेटा में इसे भैंस का मांस दिखाया जाता है, लेकिन बिना डीएनए (DNA) टेस्ट के यह छिपाया जा रहा है कि इसमें गोवंश का मांस भी शामिल है। राम और कृष्ण की इस पवित्र धरती पर यह कतई स्वीकार्य नहीं है।

हाल ही में सरकार की ओर से स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से उनके शंकराचार्य होने का प्रमाण मांगा गया था। इस पर उन्होंने कहा, हमने 15 दिन पहले ही सरकार को प्रमाण दे दिए हैं, जिसे उन्होंने अब तक खारिज नहीं किया है। इससे साबित होता है कि मेरा दावा सच्चा है। अब सवाल सीएम योगी पर है कि वह खुद को असली हिंदू साबित करें।

रामभद्राचार्य और सीएम योगी पर साजिश का आरोप

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने 1966 के आंदोलन को याद करते हुए कहा कि तब की सरकार ने करपात्री जी महाराज को प्रताड़ित किया था, और आज सीएम योगी और स्वामी रामभद्राचार्य मिलकर उनके खिलाफ योजना बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों और वर्तमान सरकार में गौ रक्षा के नाम पर कोई फर्क नजर नहीं आ रहा है, क्योंकि दोनों ही गौ भक्तों को परेशान कर रही हैं।

कुंभ के दौरान प्रयागराज में स्नान से रोके जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि वह बात अब पीछे छूट गई है। अब लड़ाई किसी पद की नहीं, बल्कि सनातन की आत्मा और गौ माता के सम्मान की है। उन्होंने कहा कि जब उत्तराखंड और महाराष्ट्र जैसे राज्य कदम उठा सकते हैं, तो उत्तर प्रदेश पीछे क्यों है?

Also Read: घंटा के बाद अब मंत्री और ठेकेदार पर पहुंचे Kailash Vijayvargiya

Get real time updates directly on you device, subscribe now.