बाराबंकी को सीएम योगी ने दी 542 करोड़ की विकास योजनाओं की सौगात, विपक्ष पर बोला तीखा हमला
Barabanki News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को बाराबंकी में 542 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली 82 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। सीएम योगी ने सनातन संस्कृति, कानून-व्यवस्था, धार्मिक स्थलों की उपेक्षा और रक्षा उत्पादन जैसे कई समसामयिक मुद्दों पर विपक्ष को कटघरे में खड़ा किया। इसके साथ ही उन्होंने प्रसिद्ध लोधेश्वर महादेव मंदिर के भव्य कॉरिडोर निर्माण के लिए बजट स्वीकृत करने का बड़ा ऐलान भी किया।
विपक्ष के दौर में कब्रिस्तानों के लिए पैसा था, पर लोधेश्वर महादेव मंदिर अछूता रहा
मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान लोधेश्वर महादेव, पौराणिक पारिजात वृक्ष और हॉकी के जादूगर केडी सिंह बाबू बाराबंकी की असली पहचान हैं, लेकिन आजादी के बाद दशकों तक इन विरासतों को जानबूझकर नजरअंदाज किया गया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि पहले की सरकारों में कब्रिस्तानों की बाउंड्री वॉल के लिए धन की कोई कमी नहीं थी, लेकिन आजादी की रोशनी लोधेश्वर महादेव मंदिर तक नहीं पहुँच सकी। अब हमारी सरकार ने इस ऐतिहासिक मंदिर के भव्य कॉरिडोर के लिए फंड मंजूर कर दिया है, जिससे यहाँ धार्मिक पर्यटन को रफ्तार मिलेगी और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
सपा-कांग्रेस के समय कब्रिस्तान की बाउंड्री वाल बनाना और कांवड़ यात्रा, रामनवमी की शोभा यात्रा व जन्माष्टमी पर प्रतिबंध ही 'धर्मनिरपेक्षता' का मानक था…
हमें ऐसी धर्मनिरपेक्षता को उखाड़-फेंककर सनातन की सुदृढ़ भूमि पर एक सुरक्षित भारत के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ना पड़ेगा… pic.twitter.com/olvawWD6Kj
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) July 20, 2026
केडी सिंह बाबू की हवेली को बिकने से बचाया
सपा सरकार को घेरते हुए सीएम योगी ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार के दौरान पूर्व ओलंपियन केडी सिंह बाबू की ऐतिहासिक हवेली बिकने की कगार पर पहुँच गई थी। हमारी सरकार ने हस्तक्षेप कर उसका भुगतान कराया, उसे बिकने से बचाया और अब उनकी यादों को संजोया जा रहा है। उन्होंने महाराजा लाखन पासी, महाराजा बिजली पासी, महाराजा सुहेलदेव और महाराणा प्रताप जैसे महापुरुषों का जिक्र करते हुए कहा कि देश का भविष्य सनातन की मजबूत नींव पर टिका है। सनातन सुरक्षित रहेगा तभी देश सुरक्षित रहेगा, क्योंकि इसी संस्कृति ने देश के स्वाभिमान की रक्षा की है।
पहले रामनवमी और कांवड़ यात्रा पर लगती थी रोक
तुष्टिकरण की राजनीति पर प्रहार करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले कांवड़ यात्रा, रामनवमी की शोभायात्रा और दुर्गा पूजा जैसे आयोजनों पर पाबंदियां लगाना ही कुछ दलों के लिए धर्मनिरपेक्षता का पैमाना था। अयोध्या और काशी विश्वनाथ जैसी जगहों के विकास के लिए तब पैसे नहीं थे। उन्होंने कानून-व्यवस्था का जिक्र करते हुए कहा कि पहले यूपी में कट्टे और बम बनते थे, व्यापारियों से रंगदारी मांगी जाती थी। आज प्रदेश बदल चुका है, अब लखनऊ में ब्रह्मोस मिसाइल बन रही है जिससे दुश्मनों की नींद उड़ी हुई है। सरकार विकास, विरासत और सुरक्षा को साथ लेकर यूपी को देश की अग्रणी अर्थव्यवस्था बनाने के लिए काम कर रही है।
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