‘हड्डी तो जुड़ जाएगी, पर टूटे सपने कैसे लौटाएंगे’, छात्रों पर कार्रवाई को लेकर राहुल का PM और CM पर तंज
Rahul Gandhi vs PM Modi: कांग्रेस के ‘छात्रों की गूंज’ (Chhatron Ki Goonj) अभियान को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हमले के बाद लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने रविवार को पलटवार किया। उन्होंने बिहार और महाराष्ट्र में अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे छात्रों का समर्थन करते हुए कहा कि सरकार को उनकी आवाज सुननी चाहिए।
राहुल गांधी ने बिहार में शिक्षा और परीक्षा से जुड़े अधिकारों के लिए आवाज उठा रहे छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि छात्रों की हड्डियां तो जुड़ जाएंगी, लेकिन उनके भीतर टूट चुके भरोसे और सपनों को कौन वापस लाएगा।
राहुल गांधी ने छात्र आंदोलन के दौरान पुलिस कार्रवाई का सामना करने वाले कुछ छात्रों से अपनी मुलाकात का वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा किया। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर इन छात्रों ने ऐसा क्या किया था कि उनके खिलाफ इतनी सख्ती करनी पड़ी।
‘गोली के घाव भर जाएंगे, डर का इलाज कहां होगा?’
राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने कहा कि इन छात्रों की मांगें बेहद सामान्य थीं। कोई अच्छी नौकरी चाहता था तो कोई अपने परिवार की आर्थिक स्थिति बदलने का सपना देख रहा था। उन्होंने कहा कि शारीरिक चोट समय के साथ ठीक हो सकती है, लेकिन आंदोलन के दौरान पैदा हुआ डर और मानसिक चोट आसानी से खत्म नहीं होती।
राहुल ने कहा कि छात्र आंदोलन (Student Protest) को सिर्फ विरोध के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए, बल्कि उनकी समस्याओं को समझने की जरूरत है। उन्होंने बिहार में छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से भी सवाल किया।
बता दें कि शनिवार को दिल्ली के श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (SRCC) में संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ अभियान पर निशाना साधा था। इसके बाद राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए सरकार पर पलटवार किया।
महाराष्ट्र के छात्रों का भी उठाया मुद्दा
Rahul Gandhi ने बिहार के साथ महाराष्ट्र में पेपर लीक (Paper Leak), परीक्षा में गड़बड़ी और भर्ती प्रक्रिया में देरी के खिलाफ आंदोलन कर रहे छात्रों का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि हजारों छात्र शांतिपूर्ण तरीके से सड़कों पर हैं और इसका कारण सिर्फ किसी एक परीक्षा या भर्ती से जुड़ी समस्या नहीं है।
उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों का पूरे सिस्टम से भरोसा टूट रहा है। राहुल गांधी ने पेपर लीक, रुकी हुई भर्तियों, महंगी शिक्षा, हॉस्टल की खराब स्थिति, खाने की गुणवत्ता और DBT से जुड़ी कथित गड़बड़ियों का जिक्र किया। साथ ही उन्होंने महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (MPSC) की विश्वसनीयता को लेकर भी सवाल उठाए।
राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने कहा कि बेहतर और सुरक्षित भविष्य की मांग कर रहे छात्रों की बातें जायज हैं। उन्होंने सरकार से छात्रों की आवाज सुनकर तत्काल कार्रवाई करने की अपील की और कहा कि अगर उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो ‘छात्रों की गूंज’ न्याय मिलने तक और तेज होती जाएगी।
Also Read: संजय सिंह का बड़ा आरोप, BJP की 6 डमी पार्टियों ने 5500 करोड़ का काला धन किया सफेद

