लाल किले से PM मोदी का बड़ा संदेश, 2047 तक विकसित भारत का सपना और 100 GW परमाणु ऊर्जा लक्ष्य
Independence Day 2026: देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित किया। उन्होंने 2047 तक विकसित भारत बनाने का लक्ष्य दोहराया। पीएम ने नागरिकों से छोटे सपने छोड़कर बड़े लक्ष्य तय करने की अपील की। उन्होंने कहा कि बड़े सपने सोच का दायरा बढ़ाते हैं। पक्का इरादा मुश्किल हालात में रास्ता दिखाता है।
पीएम मोदी ने कहा कि भारत कभी ‘फ्रैजाइल फाइव’ अर्थव्यवस्थाओं में शामिल था। आज भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्थाओं में है। उन्होंने पिछले 12 वर्षों की उपलब्धियां गिनाईं। डिफेंस प्रोडक्शन करीब चार गुना, खादी और ग्रामोद्योग उत्पादन करीब पांच गुना बढ़ा है। इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग करीब सात गुना बढ़ी। मॉडर्न रेलवे कोच का उत्पादन 21 गुना और मोबाइल फोन उत्पादन 33 गुना बढ़ा।
रिफॉर्म की रफ्तार बढ़ाने पर जोर
प्रधानमंत्री ने दलित, आदिवासी, ग्रामीण-शहरी नागरिकों, गरीब, मध्यम वर्ग, युवा, बुजुर्ग और महिलाओं समेत सभी वर्गों के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि 2047 का लक्ष्य इन उपलब्धियों के आधार पर तय किया गया है। अब रिफॉर्म की गति बढ़ानी होगी और पारंपरिक सोच व काम करने के तरीकों में बदलाव करना होगा।
100 गीगावाट परमाणु ऊर्जा का लक्ष्य
पीएम ने ऊर्जा सुरक्षा को समय की जरूरत बताया। उन्होंने कहा कि SHANTI एक्ट के बाद इसके लिए ढांचा तैयार है। भारत का लक्ष्य 100 गीगावाट परमाणु ऊर्जा क्षमता हासिल करना है। इस दशक में पांच परमाणु रिएक्टर शुरू होंगे।
उन्होंने ‘सप्त धारा’ का आह्वान करते हुए कॉस्ट, क्वालिटी और मैन्युफैक्चरिंग में दुनिया से आगे निकलने पर जोर दिया। किसानों के उत्पाद, पारंपरिक भोजन और मसालों को वैश्विक बाजार तक पहुंचाने, AI और इनोवेशन का हब बनने, मेड इन इंडिया 6G को देशभर में पहुंचाने और पोर्ट-कनेक्टिविटी विकसित करने की बात भी कही।

