ईरान-अमेरिका तनाव के बीच सुरक्षा परिषद सचिव मोहसिन रेजाई ने ट्रंप प्रशासन के सामने रखीं 7 शर्तें
Sandesh Wahak Digital Desk: ईरान और अमेरिका के बीच जारी भीषण तनाव और युद्ध जैसे हालात के बीच तेहरान ने वॉशिंगटन के सामने नया प्रस्ताव रखा है। ईरान की सुरक्षा परिषद के सचिव मोहसिन रेजाई ने घोषणा की है कि अमेरिका के साथ किसी भी प्रकार की बातचीत या युद्धविराम की प्रक्रिया शुरू करने से पहले अमेरिका को उनकी 7 प्रमुख शर्तें माननी होंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर वॉशिंगटन अपने ही द्वारा पैदा किए गए संकट से बाहर निकलना चाहता है, तो उसके पास इन शर्तों को स्वीकार करने के अलावा कोई विकल्प नहीं है।
ट्रंप की गणना गलत, नेतन्याहू ने भड़काया युद्ध
ईरान की मेहर समाचार एजेंसी के अनुसार, मोहसिन रेजाई ने विदेशी मीडिया को दिए इंटरव्यू में कहा कि ईरान के खिलाफ अमेरिकी राष्ट्रपति का आकलन पूरी तरह गलत साबित हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह युद्ध इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के उकसावे पर शुरू करवाया गया था। रेजाई ने कहा, ट्रंप की धमकियों का ईरान पर कोई असर नहीं होगा और हम किसी भी निर्णायक युद्ध के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
कतर और पाकिस्तान बने मध्यस्थ
रेजाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ और अल जजीरा के हवाले से बताया कि युद्ध रोकने और वार्ता की बहाली के लिए मध्यस्थों के साथ चर्चा जारी है। ईरान ने कतर और पाकिस्तान के मध्यस्थों के जरिए अपनी 7 प्रमुख शर्तें वॉशिंगटन तक पहुँचा दी हैं। अब तेहरान को राष्ट्रपति ट्रंप के आधिकारिक जवाब का इंतजार है।
ईरान की मुख्य मांगें
सभी मोर्चों पर युद्ध का अंत: क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सैन्य अभियानों को तुरंत रोका जाए।
फ्रीज संपत्तियों की बहाली: अमेरिका द्वारा बैन की गई ईरान की वित्तीय संपत्तियों को तुरंत जारी किया जाए।
समुद्री नाकेबंदी की समाप्ति: ईरान के समुद्री व्यापार और जहाजरानी पर लगी पाबंदियों और नाकेबंदी को हटाया जाए।
ईरान के शीर्ष सुरक्षा अधिकारी ने यह भी दावा किया कि उनके पास अमेरिकी सेना की कमजोरियों की पूरी जानकारी है और अब ईरान अमेरिकी हवाई हमलों का मुकाबला करने के लिए पहले से कहीं अधिक मजबूत स्थिति में है।

