लखनऊ में ऑटो ड्राइवर की संदिग्ध मौत पर बवाल, 50 लाख मुआवजे की मांग, 4 हिरासत में
Lucknow News: लखनऊ में 24 वर्षीय ऑटो चालक मोनू सिंह की संदिग्ध हालत में मौत के बाद गुरुवार को परिजनों और ग्रामीणों ने जमकर प्रदर्शन किया। आटेसुवा निवासी मोनू का शव बुधवार रात करीब 10:20 बजे शाहपुर चौराहे पर देशी शराब के ठेके के पास मिला था। वहीं, उसका ऑटो करीब दो किलोमीटर दूर खानपुर रोड पर आटेसुवा के पास जंगल में मिला।
गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे परिजन और ग्रामीण कुम्हरावां चौराहे पर जुट गए। उन्होंने हत्या का आरोप लगाते हुए सड़क जाम कर दी। पोस्टमॉर्टम के बाद शाम करीब 4 बजे मोनू का शव भी चौराहे पर लाया गया। प्रदर्शन करीब शाम 6 बजे तक चला।
हॉर्न बजाने को लेकर विवाद का आरोप
परिजनों का आरोप है कि मोनू बुधवार को ऑटो से इटौंजा से शाहपुर की ओर भुट्टा लेकर जा रहा था। शाहपुर चौराहे पर शराब के ठेके के सामने 5-6 लोग सड़क पर खड़े थे। आरोप है कि मोनू के हॉर्न बजाने पर उनसे विवाद हुआ और लोगों ने उसकी पिटाई कर दी, जिससे उसकी मौत हो गई।
परिजनों ने आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाने और 50 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग की। पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
4 संदिग्ध हिरासत में
पुलिस ने मामले में चार संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। मृतक के परिवार में पत्नी रोशनी सिंह, एक साल का बेटा उत्तम, मां मंजू देवी और बड़े भाई सोनू सिंह हैं। दो साल पहले उसके छोटे भाई शनि सिंह का शव भी संदिग्ध हालत में पेड़ से लटका मिला था। पुलिस फिलहाल मोनू की मौत की परिस्थितियों और आरोपों की जांच कर रही है।
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